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केदारनाथ यात्रा मार्ग पर टूटा पहाड़, 5 साल के मासूम की मौत! रातभर चला रेस्क्यू, 1500 यात्री निकाले गए सुरक्षित

केदारनाथ पैदल मार्ग के चीरबासा क्षेत्र में रविवार शाम अचानक पहाड़ी से पत्थर और मलबा गिरने से बड़ा हादसा हो गया। इसकी चपेट में आने से पांच साल के बच्चे की मौत हो गई। रास्ता बंद होने के बाद यात्रियों को निकालने के लिए बचाव दल सक्रिय हुए। रातभर चले अभियान में करीब 1500 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
केदारनाथ यात्रा मार्ग पर टूटा पहाड़, 5 साल के मासूम की मौत! रातभर चला रेस्क्यू, 1500 यात्री निकाले गए सुरक्षित
केदारनाथ मार्ग पर मलबा गिरने से हादसा

रुद्रप्रयाग। उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग में केदारनाथ पैदल यात्रा मार्ग पर रविवार शाम अचानक पहाड़ी से पत्थर और मलबा गिरने से अफरा-तफरी मच गई। चीरबासा के पास हुए इस हादसे में उत्तर प्रदेश के एटा निवासी पांच साल के यश की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर मौजूद रेस्क्यू टीम ने बचाव काम शुरू किया। लगातार मलबा आने के कारण रास्ते का एक हिस्सा बंद हो गया था। इसके बाद मार्ग में फंसे यात्रियों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने के लिए रातभर अभियान चलाया गया। प्रशासन के अनुसार करीब 1500 यात्रियों को सुरक्षित निकाला गया।

अचानक पहाड़ी से गिरे पत्थर

पुलिस कंट्रोल रूम को रविवार शाम करीब 4:39 बजे चीरबासा क्षेत्र में पत्थर और मलबा गिरने की सूचना मिली थी। बताया गया कि पहाड़ी से अचानक बड़े पत्थर नीचे आए, जिसकी चपेट में बच्चा आ गया। हादसे में यश ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। सूचना मिलने के बाद बचाव दल ने बच्चे को वहां से निकालकर पालकी की मदद से एमआरपी भैरव मंदिर, जंगलचट्टी तक पहुंचाया।

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मलबे से बंद हुआ पैदल रास्ता

हादसे के बाद चीरबासा क्षेत्र में लगातार पत्थर और मलबा गिरने के कारण पैदल मार्ग का एक हिस्सा आवाजाही के लिए बंद हो गया। इस वजह से कई यात्री रास्ते में फंस गए। यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए मौके पर तैनात टीमों ने तुरंत अभियान शुरू किया। रेस्क्यू कर्मियों ने यात्रियों को एक-एक करके प्रभावित हिस्से से बाहर निकाला और सुरक्षित स्थानों की ओर भेजा।

रातभर यात्रियों को निकालती रहीं टीमें

जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार के अनुसार, रास्ते में फंसे यात्रियों को सुरक्षित निकालने के लिए अभियान देर रात तक चलता रहा। बचाव दलों ने करीब 1500 यात्रियों को प्रभावित क्षेत्र से सुरक्षित पार कराया। अधिकारियों और रेस्क्यू टीमों के बीच लगातार तालमेल बनाकर काम किया गया। बाकी यात्रियों की सुरक्षा पर भी नजर रखी गई।

बारिश के बीच बना हुआ है खतरा

चीरबासा क्षेत्र में बारिश के कारण पहाड़ी से दोबारा पत्थर गिरने और मलबा आने का खतरा बना हुआ है। ऐसे में रेस्क्यू टीमों के लिए भी अभियान आसान नहीं था। प्रभावित हिस्से की लगातार निगरानी की जा रही है। प्रशासन की ओर से यात्रियों से धैर्य बनाए रखने और बचाव दल के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।

यात्री सुरक्षा पर प्रशासन की नजर

यात्रियों की सुरक्षा को सबसे ज्यादा प्राथमिकता दी जा रही है। प्रभावित इलाके में मौजूद टीमों को स्थिति पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। रास्ते में किसी तरह की परेशानी होने पर यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने की तैयारी रखी गई है। लगातार बारिश और पहाड़ी इलाका होने के कारण यात्रियों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

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हादसे से यात्रा मार्ग पर बढ़ी चिंता

केदारनाथ पैदल मार्ग पर रविवार शाम अचानक हुए भूस्खलन से यात्रियों के बीच डर का माहौल बन गया। राहत की बात यह रही कि बचाव दलों ने तेजी से काम करते हुए बड़ी संख्या में यात्रियों को प्रभावित क्षेत्र से बाहर निकाल लिया। प्रशासन अब भी हालात पर नजर बनाए हुए है।

Aditi Rawat
By Aditi Rawat

अदिति रावत | MCU, भोपाल से M.Sc.(न्यू मीडिया टेक्नॉलजी)| एंकर, न्यूज़ एक्ज़िक्यूटिव की जिम्मेदारियों...Read More

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