इंफ्रास्ट्रक्चर इनवेस्टमेंट ट्रस्ट्स यानी InvITs अब ऐसे निवेशकों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं, जो अपनी पूंजी से नियमित आय चाहते हैं। हाईवे, पावर प्रोजेक्ट जैसे तैयार इंफ्रास्ट्रक्चर एसेट्स से जुड़े ये निवेश विकल्प कैश फ्लो जनरेट करते हैं और उसी का बड़ा हिस्सा निवेशकों में बांट दिया जाता है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या InvITs पारंपरिक विकल्प जैसे FD या डेट फंड का विकल्प बन सकते हैं या फिर सिर्फ एक अतिरिक्त निवेश साधन हैं।
InvITs उन इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में निवेश करते हैं जो पहले से चालू हैं और नियमित कमाई कर रहे हैं। इन प्रोजेक्ट्स से जो आय होती है उसे निवेशकों के बीच बांट दिया जाता है। SEBI के नियमों के मुताबिक, InvITs को अपने नेट कैश फ्लो का कम से कम 90% निवेशकों को देना होता है। यही वजह है कि इन्हें इनकम जनरेट करने वाला निवेश माना जाता है और कई लोग इन्हें नियमित कमाई के साधन के तौर पर देखते हैं।
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एक्सपर्ट्स के अनुसार InvITs को FD या डेट फंड का सीधा विकल्प नहीं माना जा सकता। FD में जहां तय रिटर्न मिलता है वहीं InvITs में ऐसा नहीं होता। यहां रिटर्न पूरी तरह एसेट्स के प्रदर्शन पर निर्भर करता है। यानी InvITs से नियमित कैश फ्लो मिल सकता है लेकिन इसमें गारंटी नहीं होती। इसलिए इसे एक इनकम-ओरिएंटेड पोर्टफोलियो का हिस्सा माना जाता है न कि सुरक्षित विकल्प।
InvITs में रिटर्न मुख्य रूप से डिस्ट्रीब्यूशन यील्ड के रूप में मिलता है। यह बताता है कि सालभर में निवेशक को यूनिट की कीमत के मुकाबले कितना रिटर्न मिला। हालांकि सिर्फ यील्ड देखकर निवेश करना सही नहीं है। इसमें ब्याज, डिविडेंड और पूंजी वापसी जैसे हिस्से शामिल हो सकते हैं, जिससे असली रिटर्न साफ नहीं दिखता। इसलिए निवेशकों को टोटल रिटर्न यानी आय और पूंजी बढ़त दोनों को ध्यान में रखना चाहिए।
InvITs में निवेश करते समय सिर्फ रिटर्न नहीं, बल्कि कई अन्य पहलुओं को भी समझना जरूरी है। सबसे अहम है कैश फ्लो की स्थिरता और प्रोजेक्ट की मजबूती। इसके अलावा कर्ज का स्तर, ऑपरेशन की स्थिति और एग्रीमेंट की शर्तें भी काफी मायने रखती हैं। गवर्नेंस से जुड़े पहलू जैसे स्पॉन्सर की विश्वसनीयता, संबंधित पक्षों के लेनदेन और ट्रस्टी की निगरानी भी निवेश की सुरक्षा तय करते हैं।
InvITs हर निवेशक के लिए सही नहीं हैं। ये उन लोगों के लिए बेहतर हैं जो थोड़ा बाजार जोखिम लेकर FD से बेहतर रिटर्न की उम्मीद रखते हैं और लंबी अवधि के लिए निवेश कर सकते हैं। एक्सपर्ट्स मानते हैं कि InvITs को कम से कम 5 साल या उससे ज्यादा समय के नजरिये से देखना चाहिए, क्योंकि इसका रिटर्न समय-समय पर मिलने वाले वितरण पर आधारित होता है।
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InvITs को पूरी तरह नजरअंदाज करना सही नहीं है लेकिन इन्हें मुख्य निवेश विकल्प भी नहीं बनाना चाहिए। इसे अपने पोर्टफोलियो में एक पूरक विकल्प के रूप में शामिल किया जा सकता है, खासकर तब जब आप नियमित आय के साथ थोड़ा बेहतर रिटर्न चाहते हों और जोखिम उठाने के लिए तैयार हों।