अमेरिका के रक्षा मंत्रालय पेंटागन ने ईरान के साथ जारी युद्ध में मारे गए चार अमेरिकी सैनिकों की पहचान सार्वजनिक कर दी है। साथ ही उनकी तस्वीरें भी जारी की गई हैं। ये सैनिक कुवैत के पोर्ट शुआइबा में स्थित एक कमांड सेंटर पर हुए ईरानी ड्रोन हमले में मारे गए थे। इस हमले में कुल छह अमेरिकी सैनिकों की मौत हुई थी, हालांकि अभी दो सैनिकों की पहचान नहीं हो पाई है।
पेंटागन के अनुसार सभी चारों सैनिक आयोवा राज्य के निवासी थे और आर्मी रिजर्व की 103वीं सस्टेनमेंट कमांड यूनिट में तैनात थे। यह यूनिट सेना को जरूरी सप्लाई जैसे भोजन, पानी, ईंधन, गोला-बारूद और परिवहन उपलब्ध कराती है।
मारे गए सैनिकों में शामिल हैं-
आर्मी सेक्रेटरी डेनियल ड्रिस्कॉल ने सैनिकों की शहादत पर श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि इन बहादुर जवानों की कुर्बानी को देश हमेशा याद रखेगा। वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि दुख की बात है कि युद्ध खत्म होने से पहले और भी जानें जा सकती हैं।
इस घटना पर ईरान की ओर से भी प्रतिक्रिया आई है। ईरान के सुप्रीम लीडर के विशेष प्रतिनिधि अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने आरोप लगाया कि अमेरिका जानबूझकर वैश्विक तनाव बढ़ा रहा है। उन्होंने कहा कि इसका उद्देश्य भारत, चीन और रूस जैसी उभरती ताकतों को रोकना है।