Manisha Dhanwani
16 Jan 2026
इंदौर। कांग्रेस नेता राहुल गांधी इंदौर आ रहे हैं, लेकिन इस दौरान कांग्रेस नेताओं और नगरीय जनप्रतिनिधियों के साथ प्रस्तावित बैठक की अनुमति जिला प्रशासन से नहीं मिल पाई है। प्रशासन की मंजूरी न मिलने के कारण यह बैठक रद्द कर दी गई है, जिससे राहुल गांधी का इंदौर दौरा अब सीमित कार्यक्रम तक ही सिमट गया है।
दरअसल, कांग्रेस ने प्रदेशभर के पार्षदों, महापौरों, नगर पालिका और नगर परिषद के अध्यक्ष-उपाध्यक्षों के साथ राहुल गांधी की बैठक आयोजित करने का प्रस्ताव रखा था। यह कार्यक्रम अभय प्रशाल और आनंद मोहन माथुर सभागार में प्रस्तावित था, जिसमें करीब एक हजार लोगों की मौजूदगी के लिए अनुमति मांगी गई थी। हालांकि, जिला प्रशासन ने इस बैठक को मंजूरी नहीं दी।
कांग्रेस के संगठन प्रभारी डॉ. संजय कामले ने बताया कि प्रशासन से अनुमति नहीं मिलने के कारण बैठक को रद्द करना पड़ा है। उन्होंने कहा कि अब राहुल गांधी का इंदौर दौरा केवल तयशुदा सीमित कार्यक्रमों तक ही रहेगा।
अब राहुल गांधी इंदौर पहुंचने के बाद सबसे पहले बॉम्बे हॉस्पिटल जाएंगे। यहां वे दूषित पानी से बीमार हुए मरीजों और उनके परिजनों से मुलाकात करेंगे। इसके बाद वे भागीरथपुरा पहुंचकर उन परिवारों से मिलेंगे, जिनके परिजनों की दूषित जल के कारण मौत हुई है। राहुल गांधी के दौरे को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है और सुरक्षा व व्यवस्थाओं को लेकर तैयारियां की जा रही हैं।
मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी ने 17 से 31 जनवरी 2026 तक प्रदेशव्यापी आंदोलन चलाने की घोषणा की है। यह आंदोलन मनरेगा में किए गए बदलावों को वापस लेकर मजदूरों के कानूनी अधिकारों की बहाली, इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से हुई मौतों और प्रदेश में लगातार बिगड़ती जल गुणवत्ता के विरोध में किया जाएगा।
इस आंदोलन की शुरुआत 17 जनवरी से होगी, जिसे कांग्रेस नेता राहुल गांधी के इंदौर दौरे से जोड़ा जा रहा है। आंदोलन के पहले चरण में शहरी जिला कांग्रेस कमेटियां भागीरथपुरा की घटना और जल गुणवत्ता के मुद्दे को लेकर जिला स्तर पर एक दिवसीय उपवास रखेंगी। यह उपवास सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक आयोजित किया जाएगा।