स्पोर्ट्स डेस्क। ऑस्ट्रेलिया से 2-1 से टी-20 सीरीज जीतने के बाद भारतीय टीम अपने नए इम्तिहान में दक्षिण अफ्रीका का सामना करेगी। वर्ल्ड टस्ट चैंपिनय साउथ अफ्रीका इस महीने भारत दौरे पर आ रही है। दौरे पर टीम 2 टेस्ट और 5 टी-20 सहित 3 मैचों की वन-डे श्रृंख्ला खेलेगी। लेकिन अफ्रीकी टीम के लिए यहां टेस्ट जीतना आसान नहीं होगा दरअसल टीम पिछले 15 सालों से एक भी टेस्ट नहीं जीत सकीं है।
भारत बनाम दक्षिण अफ्रीकी टीम के बीच दो टेस्ट मैचों की शुरुआत 14 नवंबर से होगी। कोलकाता में पहला टेस्ट खेला जाएगा जबकि गुवाहाटी के बरसापारा में दूसरा होगा। टेस्ट में भारतीय टीम की कप्तानी शुभमन गिल संभालेंगे वहीं दक्षिण अफ्रीकी का नेतृत्व टेम्बा बावुमा करेंगे। जिसमें टीम को कोलकाता की पिच में स्पिन खेलने में दिक्कतें हो सकता है।
साउथ अफ्रीका भारत के मैदानों पर टेस्ट मुकाबलों में अक्सर संघर्ष करता है। जिससे टीम के रिकॉर्ड यहां फीके हैं। अफ्रीका ने भारत में कुल 19 टेस्ट खेले हैं जिसमें से सिर्फ 5 में मुकाबलों को टीम जीतने में सफल रही। 11 मैच में हार और 3 मैच ड्रॉ रहे। जिससे आकड़े भारत के पक्ष में हैं। लेकिन दक्षण अफ्रीका ने WTC जीतकर इतिहास रता था।
भारतीय टीम के पास इस समय रवींद्र जडेजा, जसप्रीत बुमराह जेसे अनुभवी खिलाड़ी शामिल है। साथ ही वॉशिंगटन सुंदर, अक्षर पटेल और जडेजा की ऑलराउंडर तिकड़ी गेंदबाजी की कमर तोड़ने में माहिर है। बल्लेबाजी में ये खिलाड़ी बेहतर योगदान देते हैं। वहीं भारत का घरेलू पिचों पर शानदार प्रदर्शन रहा है। टीम ने साल 2012 से 2014 तक 18 मैचों में विजय रहा है। हालांकि इस विजय रथ को पिछले साल न्यूजीलैंड ने 3-0 से मात देकर रोका था। लेकिन 14 नवंबर से शुरू हो रहे टेस्ट में भारत एक बार फिर अपनी लय बरकरार रख साउथ अफ्रीका का सूपड़ा साफ करने के इरादे से मैदान में उतरेगा।