नई दिल्ली। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में आज भारत खुद को सिर्फ टेक्नोलॉजी यूजर नहीं, बल्कि ग्लोबल लीडर के तौर पर पेश करने जा रहा है। नई दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहे इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 का आज सबसे अहम दिन है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संबोधन, दुनिया के दिग्गज CEOs के साथ राउंडटेबल और ग्लोबल लीडर्स की मौजूदगी इस समिट को ऐतिहासिक बनाएंगे।
राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली के भारत मंडपम में हो रहा यह समिट भारत की बढ़ती तकनीकी ताकत का बड़ा संकेत माना जा रहा है। इस आयोजन में 110 से ज्यादा देश, 30 अंतरराष्ट्रीय संगठन और दुनिया भर से AI इकोसिस्टम से जुड़े हजारों लोग हिस्सा ले रहे हैं।
समिट के उद्घाटन सत्र में प्रधानमंत्री मोदी के साथ फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस भी मंच साझा करेंगे। इन नेताओं की मौजूदगी इस बात का संकेत है कि, AI के भविष्य में भारत की भूमिका को दुनिया गंभीरता से देख रही है।
प्रधानमंत्री मोदी अपने संबोधन में भारत के ‘सॉवरेन AI’ विजन को सामने रखेंगे। इसमें तीन बड़े फोकस पॉइंट रहेंगे-
सरकार का मानना है कि, AI सिर्फ बड़ी कंपनियों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि किसान, मजदूर, छात्र और छोटे व्यवसाय भी इसका फायदा उठा सकें।
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने साफ कहा कि, प्रधानमंत्री का विजन टेक्नोलॉजी का लोकतंत्रीकरण करना है। उनके मुताबिक, AI की असली ताकत तभी सामने आएगी जब उसका फायदा समाज के हर वर्ग तक पहुंचेगा, खासकर ग्लोबल साउथ के देशों में।
शाम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी CEO राउंडटेबल में हिस्सा लेंगे। इस बैठक में वे दुनिया की बड़ी टेक कंपनियों के सीनियर एग्जीक्यूटिव्स के साथ AI सेक्टर में निवेश की संभावनाओं, रिसर्च और इनोवेशन में आपसी सहयोग, ग्लोबल सप्लाई चेन को मजबूत करने और AI सिस्टम के बड़े पैमाने पर इस्तेमाल जैसे अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा करेंगे।
समिट में दुनिया की टेक इंडस्ट्री के बड़े नाम शामिल हो रहे हैं, जिनमें-
हालांकि, माइक्रोसॉफ्ट के को-फाउंडर बिल गेट्स इस बार भाषण नहीं देंगे, उनकी जगह गेट्स फाउंडेशन के प्रतिनिधि शामिल होंगे।
सुबह 9:40 बजे: ओपनिंग सेरेमनी और ग्लोबल लीडर्स का स्वागत
सुबह 11 बजे: इंडिया AI इम्पैक्ट एक्सपो का दौरा
दोपहर 12 बजे: लीडर्स प्लेनरी (AI गवर्नेंस और इंटरनेशनल कोऑपरेशन)
शाम 5:30 बजे: CEO राउंडटेबल मीटिंग
इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 की थीम है- ‘सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय’
समिट का विजन तीन स्तंभों पर टिका है-
People: ह्यूमन-सेंट्रिक AI
Planet: पर्यावरण के अनुकूल AI
Progress: समावेशी विकास
समिट के साथ चल रहे AI इम्पैक्ट एक्सपो में 300 से ज्यादा कंपनियां अपने लेटेस्ट AI सॉल्यूशंस पेश कर रही हैं। यहां दिखाया जा रहा है कि आने वाले समय में AI खेती, हेल्थकेयर, शिक्षा और गवर्नेंस को कैसे बदल सकता है।
इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 का आयोजन 16 से 20 फरवरी 2026 तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में किया जा रहा है। यह पहली बार है जब इतने बड़े स्तर का AI समिट किसी विकासशील देश में हो रहा है। इस आयोजन के लिए दिल्ली में दुनिया भर के दिग्गज नेता, नीति-निर्माता और टेक इंडस्ट्री के बड़े नाम जुटे हैं।
समिट में राजनीतिक नेतृत्व की बात करें तो फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों समेत 20 से ज्यादा देशों के राष्ट्राध्यक्ष और सरकार प्रमुख शामिल हो रहे हैं। वहीं टेक सेक्टर से सुंदर पिचाई (गूगल), सैम ऑल्टमैन (OpenAI) और बिल गेट्स (माइक्रोसॉफ्ट) जैसे वैश्विक दिग्गजों की मौजूदगी इस समिट को खास बना रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 19 फरवरी को ग्लोबल लीडर्स के साथ एक अहम राउंडटेबल बैठक भी करेंगे।
इस समिट का मुख्य फोकस खेती, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे सेक्टर्स में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के इस्तेमाल पर है। समिट के साथ लगने वाली प्रदर्शनी में 300 से ज्यादा कंपनियां अपने फ्यूचर AI गैजेट्स और नई तकनीकों को पेश कर रही हैं। सरकार का साफ लक्ष्य है कि भारत को आने वाले समय में AI का नया ग्लोबल हब बनाया जाए।
अगर समिट के सफर की बात करें तो
यानी इस बार भारत की अगुवाई में AI को सिर्फ टेक्नोलॉजी नहीं, बल्कि जन-कल्याण का मजबूत माध्यम बनाने की दिशा में बड़ा संदेश दिया जा रहा है।
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