
हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन सर्राफा बाजार से मिली खबरों ने खरीदारों को थोड़ी राहत जरूर दी है, लेकिन राहत बहुत बड़ी नहीं है। सोने की कीमत में लगातार तीसरे दिन हल्की गिरावट दर्ज की गई है। इसके बावजूद दाम अब भी ऊंचे स्तर पर बने हुए हैं। IBJA के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, 24 अप्रैल को 24 कैरेट सोने का भाव गिरावट के बाद भी 1 लाख 50 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम के ऊपर बना हुआ है। यानी सोना थोड़ा सस्ता जरूर हुआ है, लेकिन अभी भी आम खरीदार की पहुंच से काफी दूर है।
अगर शुद्धता के हिसाब से देखें तो लगभग हर कैटेगरी में सोने के दाम नीचे आए हैं। 24 कैरेट सोना करीब 395 रुपये सस्ता हुआ है। वहीं 23 कैरेट में भी करीब 393 रुपये की गिरावट देखी गई है। सबसे ज्यादा खरीदे जाने वाले 22 कैरेट सोने की बात करें, तो इसका रेट 138370 रुपये से घटकर 138008 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। इसके अलावा 18 कैरेट और 14 कैरेट सोने के दामों में भी मामूली गिरावट दर्ज की गई है। इससे साफ है कि बाजार में हल्की नरमी बनी हुई है, लेकिन कीमतें अभी भी काफी ऊंचे स्तर पर टिकी हुई हैं।
जहां एक तरफ सोने की कीमत में गिरावट आई है, वहीं चांदी ने उल्टा रुख दिखाया है। शुक्रवार को चांदी के दाम में बढ़त दर्ज की गई। IBJA के मुताबिक, चांदी की कीमत 240596 रुपये प्रति किलो से बढ़कर 240890 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है। यानी चांदी लगातार मजबूती दिखा रही है और इसके दाम फिर से ऊंचे स्तर की ओर बढ़ रहे हैं।
ये भी पढ़ें: Share Market Today : सेंसेक्स 983 अंक लुढ़का, निफ्टी भी 275 अंक फिसला, IT शेयरों में भारी बिकवाली
इससे पहले 23 अप्रैल को भी सोने की कीमत में गिरावट देखी गई थी। सुबह के मुकाबले शाम तक दाम और नीचे आ गए थे। 24 कैरेट सोने का भाव 151189 रुपये से गिरकर 151059 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया था। वहीं चांदी की कीमत में भी उस दिन गिरावट आई थी और यह 243937 रुपये से फिसलकर 240596 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई थी।
सर्राफा बाजार में सोना और चांदी की कीमतें कई कारणों से बदलती रहती हैं। इसमें अंतरराष्ट्रीय बाजार, डॉलर की चाल, ब्याज दरें और निवेशकों की मांग अहम भूमिका निभाती है। हाल के दिनों में बाजार में थोड़ी सतर्कता देखने को मिल रही है। निवेशक बड़ी खरीदारी से बच रहे हैं और यही वजह है कि सोने में हल्की गिरावट देखने को मिल रही है। वहीं चांदी को इंडस्ट्रियल डिमांड का भी सपोर्ट मिलता है, जिसकी वजह से इसके दाम कई बार सोने के उलट दिशा में चलते हैं।
यह ध्यान रखना जरूरी है कि IBJA द्वारा जारी किए गए रेट पूरे देश में मान्य होते हैं, लेकिन इनमें जीएसटी शामिल नहीं होता है। अगर आप गहने खरीदने जा रहे हैं, तो आपको इन कीमतों के ऊपर टैक्स और मेकिंग चार्ज भी देना होगा, जिससे अंतिम कीमत और बढ़ जाती है। ऐसे में खरीदारी से पहले बाजार भाव और ज्वेलर्स के रेट की तुलना करना जरूरी है।