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युवा विधायक सम्मेलन:सीएम मोहन यादव ने बताए सफल राजनीति के मूल मंत्र, बोले-जनसेवा से ही मिलेगी राजनीति में सफलता

मध्यप्रदेश विधानसभा में शुरू हुए दो दिवसीय युवा विधायक सम्मेलन के पहले दिन मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान से आए युवा विधायकों को राजनीति में सफल होने के मंत्र दिए।
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सीएम मोहन यादव ने बताए सफल राजनीति के मूल मंत्र, बोले-जनसेवा से ही मिलेगी राजनीति में सफलता
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    भोपाल। मध्यप्रदेश विधानसभा में शुरू हुए दो दिवसीय युवा विधायक सम्मेलन के पहले दिन मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान से आए युवा विधायकों को राजनीति में सफल होने के मंत्र दिए। उन्होंने साफ कहा कि राजनीति में वही लोग लंबे समय तक सक्रिय और सफल रह सकते हैं, जिनमें जनसेवा और जनकल्याण की सच्ची भावना होती है। उन्होंने यह भी कहा कि केवल व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा लेकर राजनीति में आने वाले लोग लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करते हैं, इसलिए जनप्रतिनिधियों को समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए। इस सम्मेलन में 45 वर्ष तक की आयु के तीन राज्यों के विधायक शामिल हुए, जहां संसदीय कार्य मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने भी अपने विचार रखे।

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    दलगत मतभेद से ऊपर उठकर काम करने की जरूरत

    मुख्यमंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधि का असली व्यक्तित्व तब सामने आता है जब वह किसी समस्या के समाधान के लिए आगे आता है। उनका व्यवहार और प्रबंधन कौशल ही उन्हें जनता के बीच अलग पहचान दिलाता है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि विकास कार्यों और समाजहित के मुद्दों पर सभी जनप्रतिनिधियों को दलगत राजनीति से ऊपर उठकर काम करना चाहिए। इससे न केवल जनता का विश्वास मजबूत होता है, बल्कि विकास की गति भी तेज होती है।

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    परिवार और संस्कारों पर भी दिया जोर

    डॉ. यादव ने यह भी कहा कि जनप्रतिनिधियों को अपने परिवार को समय देना और बच्चों को अच्छे संस्कार देना बेहद जरूरी है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि अगली पीढ़ी में संस्कारों की कमी रही, तो वह परिवार की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा सकती है। इसलिए सार्वजनिक जीवन के साथ-साथ पारिवारिक जिम्मेदारियों को भी संतुलित रखना जरूरी है।

    विधानसभा शोर-शराबे का केंद्र न बने: देवनानी

    राजस्थान विधानसभा के अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा कि एक अच्छा विधायक वही होता है जो सदन की कार्यवाही में सक्रिय भागीदारी निभाए और जनता के मुद्दों को मजबूती से उठाए। उन्होंने कहा कि विधायक केवल चुनाव जीतने तक सीमित न रहें, बल्कि अध्ययन और चिंतन के जरिए समाज के विकास में योगदान दें। उन्होंने यह भी कहा कि विधानसभा को शोर-शराबे का केंद्र बनाने के बजाय सार्थक चर्चा का मंच बनाना चाहिए। साथ ही युवा विधायकों से भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने और डिजिटल सुविधाओं का बेहतर उपयोग करने की अपील की।

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    राजनीति तय करती है विकास की दिशा: तोमर

    मध्यप्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर ने अपने संबोधन में कहा कि लोकतंत्र में कई क्षेत्र होते हैं, लेकिन राजनीति सबसे अहम है क्योंकि यही देश और प्रदेश के विकास की दिशा तय करती है। उन्होंने कहा कि राजनीति में काम करने वालों की जिम्मेदारी सबसे ज्यादा होती है और युवाओं की भागीदारी लोकतंत्र को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाती है। उन्होंने युवाओं से सामाजिक बुराइयों जैसे जातिवाद, नशाखोरी और लैंगिक भेदभाव के खिलाफ जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।

    Sumit Shrivastava
    By Sumit Shrivastava

    मास कम्युनिकेशन में Ph.D और M.Phil पूर्ण की है तथा टीवी और डिजिटल मीडिया में काम करने का अनुभव रखते ...Read More

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