Garima Vishwakarma
30 Nov 2025
उज्जैन। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के छोटे बेटे डॉ. अभिमन्यु यादव और डॉ. इशिता की शादी इस समय पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बनी हुई है। आलीशान शादियों के दौर में यह विवाह अपनी सादगी और सामाजिक संदेश के कारण खास बन गया है। शादी 30 नवंबर को पद्मश्री वाकणकर ब्रिज के पास शिप्रा तट पर आयोजित होने वाले सामूहिक विवाह सम्मेलन में होगी।
डॉ. अभिमन्यु की बारात एक अनोखे अंदाज में निकली। 22 दूल्हों की बारात एक साथ निकलना अपने आप में बेहद खास रहा। घोड़ी और बग्गियों पर सवार बाराती जब समारोह स्थल पहुंचे तो पूरा माहौल पारंपरिक रंग में रंग गया।
29 नवंबर को हुई सगाई में न DJ था, न लग्जरी कारें। अभिमन्यु और इशिता बैलगाड़ी में सवार होकर इंगेजमेंट वेन्यू पहुंचे। जोड़े ने साधारण तरीके से एंट्री की जिससे सादगी का संदेश और मजबूत हुआ।
यह सामूहिक विवाह सम्मेलन उज्जैन के वाकणकर ब्रिज के समीप शिप्रा तट पर हो रहा है। अभिमन्यु और इशिता के साथ 22 अन्य जोड़े भी इसी मंच पर शादी करेंगे। सभी के लिए 5 बड़े डोम सजाए गए हैं। 22 मंडप, 40×100 का विशाल मंच और VIP बैठने की विशेष व्यवस्था की गई है। दूल्हा-दुल्हन के लिए अलग ग्रीन रूम भी बनाए गए हैं। सम्मेलन में हर जोड़े का फूलों की वर्षा कर विशेष स्वागत किया जाएगा।

सम्मेलन में लगभग 25,000 मेहमानों के आने की संभावना है। प्रत्येक परिवार को 25-25 मेहमान लाने का न्योता दिया गया है। चाहे तो इससे ज्यादा लोग भी आ सकते हैं। सभी मेहमानों से उपहार न लाने का अनुरोध किया गया है।
सम्मेलन में सुबह 10 बजे से भोजन की व्यवस्था शुरू हो गई। भोजन थाल में काजू कतली, राजभोग, मूंग-खसखस हलवा, केसर कलाकंद, राजस्थानी डंठल पपड़ी, ड्रायफ्रूट चना दाल, छोले, पूरी, दाल-चावल और कई पारंपरिक व्यंजन शामिल किए गए।


सामूहिक विवाह सम्मेलन में केंद्रीय मंत्री सिंधिया और तुलसी सिलावट पहुंचे। साथ ही शादी में देशभर के 8 राज्यपाल, 11 मुख्यमंत्री, और करीब 25 संत को आमंत्रित किया गया है। इतने बड़े स्तर के मेहमानों का शामिल होना इस आयोजन को और खास बना देता है।