Naresh Bhagoria
30 Nov 2025
भोपाल। बीजेपी के संस्थापक सदस्य स्वर्गीय कुशाभाऊ ठाकरे की जयंती के अवसर पर शनिवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कुशाभाऊ ठाकरे अंतरराष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर पहुंचकर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने ठाकरे जी के जीवन संघर्ष और योगदान को भगवान श्रीकृष्ण के जीवन से जोड़ा। इसके साथ ही उन्होंने प्रदेशवासियों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं। बाद में मुख्यमंत्री ने शौर्य स्मारक पहुंचकर पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर पुष्पांजलि अर्पित की।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कुशाभाऊ ठाकरे को याद करते हुए कहा कि उन्होंने जीवनभर संगठन और समाज के लिए कार्य किया। ठाकरे जी ने संघर्ष करते हुए कई कार्यकर्ताओं को तैयार किया, उनका मार्गदर्शन किया और लोगों के दुख-दर्द बांटे। मुख्यमंत्री ने ठाकरे जी की तुलना भगवान श्रीकृष्ण से करते हुए कहा कि जिस प्रकार श्रीकृष्ण ने अन्याय के विरुद्ध विद्रोह कर कंस का वध किया, उसी तरह ठाकरे जी ने भी अन्याय और कुरीतियों के खिलाफ आवाज उठाई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीकृष्ण की तरह ठाकरे जी ने अपने कार्यों से लाखों लोगों को प्रेरित किया और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का काम किया। उन्होंने कहा हमने भगवान को नहीं देखा है, लेकिन ठाकरे जी जैसे महापुरुषों को भगवान की भूमिका में देखा है।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की सौ साल की यात्रा कई त्याग और बलिदानों की गाथा है। उन्होंने डॉक्टर हेडगेवार का उल्लेख करते हुए कहा कि 1925 में ही उन्होंने समझ लिया था कि भारत को आजादी मिलेगी, लेकिन उसके साथ राष्ट्रभक्तों की एक मजबूत फौज की भी आवश्यकता होगी। मुख्यमंत्री ने संगठन की परंपरा का उल्लेख करते हुए कहा कि हम जैसे कार्यकर्ता तैयार करने में प्रचारकों की कई पीढ़ियां खप जाती हैं। जब कोई कार्यकर्ता आगे बढ़ता है, तो उसके पीछे कई पीढ़ियों की मेहनत होती है। उन्होंने यह भी कहा कि संगठन में कार्यकर्ताओं की गलतियों को भी संज्ञान में लिया जाता है, उन्हें समझाया जाता है और फिर दोबारा मौका देकर उन्हें आगे बढ़ाया जाता है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जीवन संघर्ष, नीति और कर्तव्य का अनुपम उदाहरण है। उन्होंने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, जीवन के संघर्षों और कष्टों के बीच जिस प्रकार भगवान श्रीकृष्ण ने आदर्श जीवन का उदाहरण प्रस्तुत किया, वह हम सभी को सदैव प्रेरणा देता रहेगा। उन्होंने आगे कहा कि माखन चोरी भी श्रीकृष्ण का एक प्रतीकात्मक सत्याग्रह था, जो सामाजिक विद्रोह और बदलाव का संदेश देता है।
कार्यक्रम के पश्चात मुख्यमंत्री शौर्य स्मारक पहुंचे और भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। उन्होंने वाजपेयी जी को देश के सर्वांगीण विकास के लिए किए गए कार्यों के लिए याद किया।
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