भोपाल:बड़ी झील के कैचमेंट एरिया का सीमांकन पूरा, अवैध निर्माणों पर कार्रवाई का इंतजार

भोपाल में बड़ी झील के कैचमेंट एरिया में किए गए अतिक्रमण और अवैध निर्माणों को लेकर प्रशासन की कार्रवाई अब अगले चरण में पहुंच गई है। प्रशासन ने बैरागढ़ और टीटी नगर नजूल क्षेत्र में आने वाले कैचमेंट एरिया का सीमांकन लगभग पूरा कर लिया है।
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बड़ी झील के कैचमेंट एरिया का सीमांकन पूरा, अवैध निर्माणों पर कार्रवाई का इंतजार
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    भोपाल। बड़ी झील के कैचमेंट एरिया में किए गए अतिक्रमण और अवैध निर्माणों को लेकर प्रशासन की कार्रवाई अब अगले चरण में पहुंच गई है। प्रशासन ने बैरागढ़ और टीटी नगर नजूल क्षेत्र में आने वाले कैचमेंट एरिया का सीमांकन लगभग पूरा कर लिया है। सीमांकन के दौरान कई अवैध निर्माण सामने आए हैं, लेकिन अभी तक अधिकांश जगहों पर बुलडोजर कार्रवाई शुरू नहीं हो सकी है।

    कई इलाकों में पूरा हुआ सीमांकन

    प्रशासन द्वारा बैरागढ़ क्षेत्र से लगे खानूगांव, लालघाटी, हलालपुर, भैंसाखेड़ी, कोलूखेड़ी और भौंरी इलाके में बड़ी झील के कैचमेंट एरिया का सीमांकन किया गया है। यह पूरा क्षेत्र बैरागढ़ नजूल के अंतर्गत आता है। सीमांकन के दौरान यहां करीब दो दर्जन से अधिक अतिक्रमण और अवैध निर्माण सामने आए हैं। हालांकि अब तक केवल हलालपुर इलाके में चार अवैध निर्माणों को ही तोड़ा गया है, जबकि बाकी निर्माणों पर कार्रवाई का इंतजार किया जा रहा है।

    टीटी नगर नजूल क्षेत्र में भी कई अवैध निर्माण

    इसी तरह टीटी नगर नजूल क्षेत्र में आने वाले बड़ी झील के कैचमेंट एरिया में भी प्रशासन ने सीमांकन किया है। यहां चार दर्जन से अधिक अवैध निर्माणों की पहचान की गई है। इन निर्माणों पर लाल निशान लगाकर मार्किंग की गई है, क्योंकि ये सभी फुल टैंक लेवल (FTL) से 50 मीटर के दायरे में बनाए गए हैं। बताया जा रहा है कि इन अवैध निर्माणों में कई प्रभावशाली लोगों के भवन भी शामिल हैं। सीमांकन की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, लेकिन अभी तक इन्हें हटाने की कार्रवाई शुरू नहीं की गई है।

    गैस एजेंसियों की जांच में लगा प्रशासन

    प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल शहर में रसोई गैस सिलेंडर की किल्लत को देखते हुए अधिकारियों को गैस एजेंसियों की जांच में लगाया गया है। इसी कारण अवैध निर्माणों पर कार्रवाई में देरी हो रही है। कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार और पटवारियों सहित कई अधिकारियों को गैस एजेंसियों की जांच में लगाया है। प्रशासन का उद्देश्य गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी रोकना और शहर में सामान्य आपूर्ति बहाल करना है।

    16 मार्च 2022 के बाद हुए निर्माणों पर होगी सख्त कार्रवाई

    प्रशासन के अनुसार बड़ी झील के कैचमेंट एरिया में 16 मार्च 2022 के बाद किए गए निर्माणों को अवैध मानते हुए उन्हें हटाने की कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा इससे पहले बने निर्माणों की भी जांच की जाएगी और नियमों के अनुसार सुनवाई के बाद कार्रवाई हो सकती है।

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    जल्द शुरू होगी कार्रवाई

    एडीएम अंकुर मेश्राम ने बताया कि कैचमेंट एरिया का सीमांकन लगभग पूरा हो चुका है। प्रशासन द्वारा चिन्हित किए गए अवैध निर्माणों पर नियमानुसार जल्द ही कार्रवाई शुरू की जाएगी। फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता गैस सिलेंडरों की आपूर्ति व्यवस्था को सामान्य करना है, इसके बाद अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की जाएगी।

    Sumit Shrivastava
    By Sumit Shrivastava

    मास कम्युनिकेशन में Ph.D और M.Phil पूर्ण की है तथा टीवी और डिजिटल मीडिया में काम करने का अनुभव रखते ...Read More

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