Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

बारापुला फेज-3 आज से शुरू: मयूर विहार से AIIMS दिल्ली तक सिर्फ 15-20 मिनट? कौन-कौन से रास्ते होंगे आसान

दिल्ली-NCR के लोगों के लिए बड़ी खबर है। करीब 10 साल के लंबे इंतजार के बाद बारापुला फेज-3 एलिवेटेड कॉरिडोर का उद्घाटन आज केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह करेंगे। करीब 3.5 किलोमीटर लंबा यह कॉरिडोर मयूर विहार फेज-1 को सराय काले खां से जोड़ेगा।
बारापुला फेज-3 आज से शुरू: मयूर विहार से AIIMS दिल्ली तक सिर्फ 15-20 मिनट? कौन-कौन से रास्ते होंगे आसान
बारापुला फेज-3 एलिवेटेड कॉरिडोर और उत्तर दिल्ली स्थित मुकरबा चौक अंडरपास का उद्घाटन आज

दिल्ली-NCR के लाखों यात्रियों के लिए आज का दिन अहम है। लंबे इंतजार के बाद बारापुला फेज-3 एलिवेटेड कॉरिडोर का उद्घाटन 29 सितंबर को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह करेंगे। करीब एक दशक से चल रहे इस प्रोजेक्ट के पूरा होने के बाद पूर्वी दिल्ली और दक्षिणी दिल्ली के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है।

सुरक्षा के लिए लगाया गया पूरा जोर

अमित शाह के दौरे को लेकर दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। बारापुला फेज-3 के उद्घाटन कार्यक्रम को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियों और दिल्ली पुलिस ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। कार्यक्रम स्थल और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती की गई है। आने-जाने वाले लोगों और वाहनों की निगरानी बढ़ा दी गई है। सुरक्षा के मद्देनजर आसपास के रास्तों पर भी पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई गई है। अधिकारियों की ओर से सुरक्षा व्यवस्था का लगातार जायजा लिया जा रहा है, ताकि कार्यक्रम के दौरान किसी तरह की परेशानी न हो और यातायात व्यवस्था भी सुचारू बनी रहे।

X Post

मयूर विहार से सराय काले खां तक सीधा रास्ता

बारापुला फेज-3 करीब 3.5 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर है। यह पूर्वी दिल्ली के मयूर विहार फेज-1 को सराय काले खां से जोड़ेगा। यहां से यह पहले से बने बारापुला कॉरिडोर से जुड़ जाएगा। इसके बाद मयूर विहार से AIIMS तक करीब 9 किलोमीटर का सिग्नल-फ्री रूट तैयार हो जाएगा। इसका सीधा फायदा उन लोगों को मिलेगा जो रोजाना मयूर विहार, नोएडा और पूर्वी दिल्ली से AIIMS, INA, सफदरजंग और दक्षिणी दिल्ली की ओर आते-जाते हैं।

देश की पहली LNG ड्यूल-फ्यूल ट्रेन को आज मिलेगी हरी झंडी, जानिए क्या है इसकी खासियत?

45-60 मिनट का सफर 15-20 मिनट तक आने की उम्मीद

इस कॉरिडोर के शुरू होने के बाद मयूर विहार से दक्षिणी दिल्ली की तरफ जाने वाले यात्रियों को कई बड़े ट्रैफिक सिग्नलों और जाम वाले रास्तों से बचने का विकल्प मिलेगा। अलग-अलग रिपोर्टों में यात्रा समय में बड़ी कमी का अनुमान बताया गया है, हालांकि वास्तविक समय ट्रैफिक और प्रवेश-निकास व्यवस्था पर निर्भर करेगा। बारापुला का नया हिस्सा रिंग रोड, सराय काले खां और आसपास के व्यस्त हिस्सों पर ट्रैफिक का दबाव कम करने में मदद कर सकता है।

नोएडा और गाजियाबाद के यात्रियों को भी फायदा

बारापुला फेज-3 सिर्फ दिल्ली के भीतर कनेक्टिविटी नहीं बढ़ाएगा, बल्कि नोएडा और गाजियाबाद से दक्षिणी दिल्ली जाने वालों के लिए भी वैकल्पिक रास्ता उपलब्ध कराएगा। मयूर विहार की तरफ से आने वाले वाहन बारापुला कॉरिडोर के जरिए सराय काले खां की ओर जा सकेंगे। इसके आगे AIIMS और दक्षिणी दिल्ली के दूसरे हिस्सों तक पहुंच आसान होगी। इससे आश्रम और दूसरे व्यस्त जंक्शनों पर निर्भरता कम हो सकती है।

DND, दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे और रिंग रोड से कनेक्शन

बारापुला फेज-3 को दिल्ली के कई महत्वपूर्ण सड़क नेटवर्क से जोड़ने की योजना है। सराय काले खां के पास यह क्षेत्र DND फ्लाईवे, रिंग रोड और दूसरे प्रमुख मार्गों के करीब है। वहीं मयूर विहार की तरफ से आने वाले यात्रियों को दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे की कनेक्टिविटी का भी फायदा मिल सकता है। सराय काले खां पहले से ही कई बड़े सड़क मार्गों का मिलन बिंदु है। ऐसे में नए कॉरिडोर से यहां यातायात का प्रवाह बदलने की उम्मीद है।

यमुना पर बनेगा दिल्ली का 10वां रोड ब्रिज

इस प्रोजेक्ट की एक खास बात इसका यमुना के ऊपर बना हिस्सा है। रिपोर्टों के मुताबिक बारापुला फेज-3 के चालू होने के बाद यह यमुना पर दिल्ली का 10वां रोड ओवरब्रिज होगा। कॉरिडोर में आधुनिक निर्माण तकनीक का इस्तेमाल किया गया है और इसके साथ पैदल यात्रियों तथा साइकिल सवारों के लिए भी सुविधाएं रखी गई हैं।

राजनीति से रील्स तक! PM की सलाह और बदल गया मंत्रियों का अंदाज, 97% कैबिनेट मंत्री इंस्टाग्राम पर हुए एक्टिव, शाह के 8.53 लाख फॉलोअर्स बढ़े

2014 में मंजूर हुआ था प्रोजेक्ट

बारापुला फेज-3 को 2014 में मंजूरी मिली थी और निर्माण कार्य 2015 में शुरू हुआ था। इसे शुरुआत में 2017 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन जमीन, पर्यावरण मंजूरी और निर्माण से जुड़ी कई अड़चनों के कारण प्रोजेक्ट में लंबे समय तक देरी हुई। इस दौरान इसकी लागत भी बढ़ी और संशोधित लागत करीब 1,635 करोड़ रुपये बताई गई है।

साइकिल ट्रैक और पैदल यात्रियों के लिए भी सुविधा

कॉरिडोर को केवल वाहनों की आवाजाही के लिए नहीं बनाया गया है। इसमें समर्पित साइकिल ट्रैक और पैदल यात्रियों के लिए सुविधाएं भी शामिल हैं। इससे सड़क के इस्तेमाल में गैर-मोटर वाहन यात्रियों के लिए भी बेहतर विकल्प मिलने की उम्मीद है।

आज खुलेंगे दूसरे बड़े प्रोजेक्ट भी

बारापुला फेज-3 के साथ दिल्ली में कई अन्य सड़क परियोजनाओं से जुड़े कार्यक्रम भी होंगे। इनमें मुकरबा चौक अंडरपास का उद्घाटन और दक्षिणी दिल्ली में मोदी मिल-कालकाजी तथा सावित्री सिनेमा से जुड़े फ्लाईओवर प्रोजेक्ट की आधारशिला रखने का कार्यक्रम शामिल है। इन परियोजनाओं का उद्देश्य दिल्ली के अलग-अलग हिस्सों में ट्रैफिक जाम और सड़क दबाव को कम करना है।

Garima Vishwakarma
By Garima Vishwakarma

गरिमा विश्वकर्मा | People’s Institute of Media Studies से B.Sc. Electronic Media की डिग्री | पत्रकार...Read More

Latest Posts