प्रयागराज में कारोबारी परिवार का सफाया!एक ही परिवार के 4 लोगों की हत्या, दीवार पर लिखा मिला- 'बहू ने मारा है'

प्रयागराज के कोतवाली थाना क्षेत्र में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या से सनसनी फैल गई है। साउथ मलाका सब्जी मंडी चौराहे के पास स्थित एक मकान और दुकान से परिवार के चार सदस्यों के शव बरामद हुए हैं। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और कई पहलुओं पर पड़ताल कर रही है।
बंद घर और दुकान से मिले चार शव
मंगलवार शाम पुलिस ने बाहर से बंद पड़े मकान और दुकान का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया। जांच के दौरान कारोबारी वीरेंद्र कुमार वैश्य, उनकी पत्नी अनीता और बेटी मीनाक्षी के शव घर के अलग-अलग कमरों से मिले।
इसके बाद परिवार के बेटे अभिषेक की तलाश की गई। देर शाम उसका शव पास की एक दुकान से बरामद हुआ। पुलिस के मुताबिक अभिषेक का शव कई दिन पुराना प्रतीत हो रहा है। चारों शव खून से लथपथ मिले हैं और शुरुआती जांच में किसी भारी वस्तु से हमला कर हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है।
दीवारों पर लिखे मिले संदिग्ध संदेश
जांच के दौरान पुलिस को घटनास्थल से कुछ ऐसे सुराग मिले हैं, जिन्होंने मामले को और रहस्यमय बना दिया है। घर की दीवारों, एक बोर्ड और गत्ते के टुकड़े पर 'बंटी-बबली' और 'बहू ने मारा है' जैसे संदेश लिखे मिले हैं।
पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि ये संदेश किसी पीड़ित ने मरने से पहले लिखे थे या फिर हत्यारों ने जांच को भटकाने के लिए इन्हें लिखा है। लिखावट की जांच कराई जा रही है।
बहू और छोटे बेटे से जुड़े पहलुओं की जांच
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि परिवार का छोटा बेटा अश्वनी वैश्य और उसकी पत्नी ऋतु पिछले साल एक धोखाधड़ी के मामले में जेल गए थे।
अश्वनी फिलहाल कौशाम्बी जेल में बंद है, जबकि ऋतु हाल ही में जमानत पर बाहर आई है। पुलिस अब ऋतु की तलाश कर रही है और उससे पूछताछ को जांच का अहम हिस्सा मान रही है।
परिवार में चल रहा था विवाद
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अश्वनी और अभिषेक दोनों का आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। बताया जा रहा है कि दोनों भाइयों के अपने पिता वीरेंद्र कुमार वैश्य के साथ संबंध अच्छे नहीं थे और परिवार में लंबे समय से विवाद चल रहा था। जांच टीम यह भी पता लगाने में जुटी है कि कहीं पारिवारिक विवाद या संपत्ति का मामला इस हत्याकांड से जुड़ा तो नहीं है।
80 से ज्यादा सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच के लिए पांच टीमें गठित की हैं। फोरेंसिक टीम, डॉग स्क्वायड और फील्ड यूनिट भी साक्ष्य जुटाने में लगी हुई हैं।
पुलिस आसपास लगे 80 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच कर रही है। इसके अलावा परिवार के करीबी लोगों और अभिषेक के संपर्क में रहने वाले लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का सही समय और हत्या का तरीका स्पष्ट हो सकेगा। अधिकारियों का दावा है कि जांच तेजी से आगे बढ़ रही है और जल्द ही इस सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा किया जाएगा।











