उमरिया। सिंगल टोला रेलवे फाटक पर गुरुवार को बड़ा रेल हादसा होने से अफरा-तफरी मच गई। गेहूं से भरा एक ट्रक (एमपी 17 एनएच 2822) उमरिया की ओर जा रहा था, तभी अचानक ट्रक का अगला पहिया अलग हो गया और वह बीच रेलवे ट्रैक पर ही ब्रेकडाउन हो गया। इसके चलते ट्रैक पूरी तरह से जाम हो गया और रेलवे व सड़क यातायात बाधित हो गया। करीब 1 घंटे 7 मिनट तक यातायात ठप रहने से कई ट्रेनों को डिटेन होना पड़ा। रेलवे नियमों के अनुसार ट्रेन डिटेन होना गंभीर लापरवाही मानी जाती है।

घटना उस समय हुई जब ट्रक रेलवे क्रॉसिंग पार कर रहा था। मेंटेनेंस के अभाव में अचानक उसका अगला पहिया अलग हो गया। ट्रक फंसी हुई अवस्था में रेलवे पथ पर ही अटक गया। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस और जिम्मेदार अधिकारी मौके पर पहुंचे। सहायक मंडल अभियंता उमरिया के अथक प्रयासों से आरपीएफ उपनिरीक्षक अखिलेश कुमार मुन्नी बाई और सहायक उप निरीक्षक की मदद से करीब एक घंटे के बाद ट्रक को ट्रैक से हटाया गया और मार्ग पुनः खुला। रेलवे यातायात 3:35 बजे से 4:42 बजे तक बाधित रहा। इस दौरान यात्रियों को गंभीर असुविधा का सामना करना पड़ा। रेलवे स्टेशन पर बैरिकेड से स्थिति और बिगड़ गई।
रेलवे स्टेशन परिसर के बाहर बैरिकेड लगाए जाने से यात्रियों को भारी परेशानी हो रही है। वाहन चालक बैरिकेड से पहले यात्रियों को उतार देते हैं, जिससे उन्हें करीब 150 फीट तक भारी सामान खुद उठाकर चलना पड़ता है। रेलवे उपभोक्ता सलाहकार समिति के सदस्य अनुज सेन ने बताया कि उमरिया में रजिस्टर्ड कुली तो मौजूद हैं, लेकिन वे पिछले 3 वर्षों से स्टेशन पर दिखाई नहीं दिए। काम न मिलने की वजह से वे बाहर मजदूरी कर रहे हैं।
ऑटो चालक भी नाराज हैं। उनका कहना है कि बैरिकेड की वजह से उन्हें स्टेशन तक यात्रियों को पहुंचाने में परेशानी हो रही है। यदि वे किसी यात्री का सामान पहले ही छोड़ देते हैं, तो उनसे टिकट की मांग की जाती है। इससे ऑटो चालकों और यात्रियों दोनों की स्थिति असहज बनी हुई है। वहीं रेलवे प्रशासन द्वारा अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।