इंदौर। बोर्ड परीक्षाओं के दौरान रहवासी क्षेत्र में देर रात तक तेज साउंड और डीजे पार्टी चलाना नॉच क्लब संचालक को महंगा पड़ गया। स्कीम नंबर 78 स्थित अपोलो हाई स्ट्रीट बिल्डिंग में संचालित क्लब में रात 11 बजे तक ओपन टेरेस पर तेज आवाज में डीजे गूंजता रहा। रहवासियों की शिकायत पर लसूड़िया थाना प्रभारी तारेश सोनी खुद पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और सख्त कार्रवाई करते हुए डीजे बंद कराया। पुलिस ने क्लब संचालक के खिलाफ कोलाहल अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार शिकायत मिलते ही टीआई तारेश सोनी सीधे क्लब के भीतर पहुंचे और बिना समय गंवाए डीजे डेक तक जा पहुंचे। वहां तेज आवाज में चल रहे म्यूजिक के बीच उन्होंने डीजे संचालित कर रहे युवक से माइक अपने हाथ में लिया और क्लब में मौजूद ग्राहकों को संबोधित करते हुए सख्त लहजे में कहा — “रात 10 बजे तक ही ओपन साउंड की अनुमति है। आसपास रह रहे बच्चों की बोर्ड परीक्षाएं चल रही हैं। आपकी पार्टी के कारण उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है, क्या यह सही है?”
टीआई का सवाल सुनते ही क्लब में मौजूद लोगों ने एक स्वर में इसे गलत बताया। इसके बाद थाना प्रभारी ने घड़ी दिखाते हुए कहा कि रात के 11 बज चुके हैं और तुरंत पैकअप किया जाए। पुलिस की सख्ती और अचानक हुई कार्रवाई से क्लब में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और कुछ ही मिनटों में साउंड सिस्टम बंद कर दिया गया।
टीआई तारेश सोनी ने बताया कि स्कीम नंबर 78 के पीछे घनी आबादी वाला रहवासी क्षेत्र स्थित है, जहां बड़ी संख्या में विद्यार्थी रहते हैं। वर्तमान में 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाएं चल रही हैं, जिसके चलते देर रात तेज म्यूजिक से छात्रों की पढ़ाई प्रभावित होने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। रहवासियों ने लसूड़िया थाने में लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की थी।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की, जिसमें पाया गया कि निर्धारित समय सीमा के बाद भी हाई वॉल्यूम में डीजे बजाया जा रहा था और नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही थी। इसके बाद पुलिस ने तत्काल साउंड बंद करवाया और क्लब संचालक के खिलाफ कोलाहल अधिनियम के तहत विधिवत कार्रवाई की।