Naresh Bhagoria
15 Jan 2026
शिमला। हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले के नौराधार क्षेत्र के एक गांव में बुधवार रात एक घर में लगी आग में तीन बच्चों सहित छह लोगों की जलकर मौत हो गई और एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से झुलस गया। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। संगड़ाह के उपजिलाधिकारी (एसडीएम) ने बताया कि घटना की शुरुआती जांच से प्रतीत होता है कि तंलगना गांव में शॉर्ट सर्किट से आग लगने के बाद सिलेंडर ब्लास्ट हो गया तो आग ने भयानक रूप ले लिया।
एसडीएम ने बताया कि तलंगना, संगड़ाह उपमंडल का एक दूरस्थ गांव है जो सड़क मार्ग से जुड़ा हुआ नहीं है। अधिकारी के मुताबिक, जब ग्रामीणों ने आग देखी और मौके पर मदद के लिए पहुंचे, तब तक आग के कारण पुराने लकड़ी के घर को काफी भारी नुकसान हो चुका था। एसडीएम ने बताया कि घटनास्थल से छह शव बरामद किए गए हैं। छह मृतकों में से दो को सिरमौर के राजगढ़ और अन्य चार को शिमला जिले के नेरवा क्षेत्र का बताया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि मृतकों में गृहस्वामी की बेटी और दामाद भी शामिल थे, जो 'बोडा त्योहार' मनाने आए थे। इस घटना में तीन बच्चों की भी मौत हो गई। बोडा त्योहार सिरमौर जिले में तीन लाख की आबादी वाले हट्टी जनजातीय समुदाय का सबसे बड़ा वार्षिक उत्सव है। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने इस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए जिला प्रशासन को घटना के कारणों की गहन जांच के आदेश दिए हैं। साथ ही, उन्होंने शोक संतप्त परिवारों को हर संभव सहायता और राहत प्रदान करने के निर्देश दिए हैं।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, विपक्ष के नेता जय राम ठाकुर और भाजपा की राज्य इकाई के अध्यक्ष राजीव बिंदल ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया है। इसके अलावा, कांग्रेस की राज्य इकाई के प्रमुख एवं श्री रेणुकाजी विधानसभा क्षेत्र से विधायक विनय कुमार ने भी इस घटना पर शोक व्यक्त किया है और अधिकारियों को तत्काल राहत प्रदान करने का निर्देश दिया है। यह घटना संगड़ाह उपमंडल में पिछले एक सप्ताह में दूसरी बड़ी त्रासदी है। 10 जनवरी को एक बस दुर्घटना में 14 लोगों की मौत हो गई थी और 52 लोग घायल हो गए थे।