इंटरनेशनल डेस्क। मिडिल-ईस्ट में जारी भीषण संघर्ष के बीच ईरान को एक और बड़ा झटका लगा है। इजरायली मीडिया के दावों के मुताबिक, ईरान के नवनियुक्त रक्षा मंत्री सैयद माजिद अब अल-रेज़ा एक हमले में मारे गए हैं। उन्होंने महज 48 घंटे पहले रक्षा मंत्री का पद संभाला था और अब उनकी मौत की खबर ने तेहरान की सत्ता संरचना को हिला दिया है। 28 फरवरी से शुरू हुए इजरायल और अमेरिका के हमले चौथे दिन भी जारी हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव चरम पर पहुंच गया है।
इससे पहले हुए हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई मारे गए। इसके अलावा सेना प्रमुख अब्दुल रहीम मौसवी और तत्कालीन रक्षा मंत्री जनरल अजीज नासिरजादेह की भी मौत की खबरें आई थीं। नासिरजादेह की मौत के बाद सैयद माजिद अब अल-रेज़ा को रक्षा मंत्रालय की कमान सौंपी गई थी। लेकिन उनका कार्यकाल बेहद छोटा साबित हुआ। लगातार हो रहे इन हमलों ने ईरान की शीर्ष सैन्य और राजनीतिक संरचना को गंभीर नुकसान पहुंचाया है।
सैयद माजिद अब अल-रेज़ा को ईरान के प्रभावशाली सैन्य अधिकारियों में गिना जाता था। वह ब्रिगेडियर जनरल के पद पर रहते हुए सैन्य प्रशासन और लॉजिस्टिक्स के विशेषज्ञ माने जाते थे। वह सशस्त्र बल सामाजिक सुरक्षा संगठन के अध्यक्ष भी रह चुके थे, जो सेना के आर्थिक हितों और सैनिक परिवारों की सुरक्षा से जुड़ा अहम संस्थान है। उनकी प्रशासनिक पकड़ और संगठनात्मक क्षमता को देखते हुए उन्हें रक्षा मंत्री बनाया गया था।
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ईरान पहले से ही राजनीतिक और सैन्य अस्थिरता के दौर से गुजर रहा है। शीर्ष नेतृत्व के लगातार खत्म होने से सत्ता में शून्य की स्थिति पैदा हो गई है। ऐसे समय में सैयद माजिद को एक भरोसेमंद और संतुलित चेहरा माना जा रहा था, जो सेना के भीतर अनुशासन और निष्ठा बनाए रख सकते थे। उनकी कथित मौत से ईरान को रणनीतिक और मनोवैज्ञानिक दोनों स्तरों पर बड़ा झटका लगा है। हालांकि, ईरान सरकार की ओर से अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
इस बीच इजरायल ने हमलों का दायरा केवल ईरान तक सीमित नहीं रखा है। दक्षिणी लेबनान में सक्रिय हिज्बुल्लाह के खिलाफ भी इजरायल डिफेंस फोर्स ने बड़ा अभियान छेड़ दिया है। इजरायली वायुसेना ने लेबनान से दागे गए दो ड्रोन को मार गिराने का दावा किया है। बेरूत के दहियाह इलाके में नागरिकों को घर खाली करने की चेतावनी दी गई है। इजरायल का कहना है कि वह हिज्बुल्लाह के रडार और कंट्रोल ठिकानों को पूरी तरह नष्ट करना चाहता है, जबकि हिज्बुल्लाह ने उत्तरी इजरायल के रमत डेविड एयरबेस पर जवाबी हमला करने का दावा किया है। क्षेत्र में हालात लगातार विस्फोटक बने हुए हैं।