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Awesome Journey :वंदे भारत ट्रेन में AI मास्टरमाइंड लड़के से मिले शशि थरूर, कुछ ही पलों में बन गए उसके फैन

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने वंदे भारत ट्रेन में एक ऐसे टीनएजर से मुलाकात की है। AI विशेषज्ञ राउल जॉन अजू से मुलाकात करके थरूर बेहद खुश नजर आए। 16 वर्षीय राउल स्थानीय भाषाओं में AI विकसित कर रहे हैं।
वंदे भारत ट्रेन में AI मास्टरमाइंड लड़के से मिले शशि थरूर, कुछ ही पलों में बन गए उसके फैन
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    नई दिल्ली।  कांग्रेस सांसद शशि थरूर को वंदे भारत ट्रेन में एक असाधारण यात्री मिला। उसके साथ यात्रा के थरूर की खास यात्रा बन गई। थरूर की बगल वाली सीट पर बैठे एक बेहद प्रतिभाशाली टीनएजर से उनकी मुलाकात हुई। इस युवक का नाम राउल जॉन अजू है, जो उम्र में भले ही 16 साल का है, लेकिन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की दुनिया में बड़ा नाम बन चुके हैं। राउल की प्रतिभा ने शशि थरूर को खासा प्रभावित किया।

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    X पर 1पोस्ट में थरूर ने साझा किया अनुभव 

    इस मुलाकात के बाद शशि थरूर ने अपने X हैंडल पर एक पोस्ट साझा की। उन्होंने लिखा कि वंदे भारत यात्राओं में अक्सर रोचक मुलाकातें होती हैं, लेकिन इतनी ज्ञानवर्धक बातचीत बहुत कम होती है। थरूर ने बताया कि उन्हें 16 वर्षीय तकनीकी प्रतिभा राउल जॉन अजू से मिलने का अवसर मिला, जो AI के क्षेत्र में असाधारण काम कर रहे हैं।

    AI की दुनिया में कम उम्र का बड़ा नाम

    राउल जॉन अजू कोई साधारण छात्र नहीं हैं। वह AI के मास्टरमाइंड माने जाते हैं और अपनी काबिलियत का लोहा भारत ही नहीं, बल्कि दूसरे देशों में भी मनवा चुके हैं। ट्रेन यात्रा के दौरान हुई बातचीत में राउल के ज्ञान और सोच की गहराई देखकर शशि थरूर खुद हैरान रह गए। 

    स्थानीय भाषाओं और AI पर हुई गहरी चर्चा 

    शशि थरूर के मुताबिक, बातचीत के दौरान उन्होंने AI की सीमाओं को आगे बढ़ाने और भारत जैसे विविध भाषाई देश में स्थानीय भाषाओं को समझने की जरूरत पर चर्चा की। यह जानकर उन्हें खास खुशी हुई कि राउल और उनकी टीम इस दिशा में पहले से काम कर रही है।

    मलयालम, हिंदी और उर्दू में काम कर रही तकनीक 

    थरूर ने अपनी पोस्ट में बताया कि राउल और उनकी टीम—जिसमें उनके मित्र ईशान भी शामिल हैं—ऐसी प्रणालियां विकसित कर रही है, जो मलयालम, हिंदी और उर्दू भाषाओं में ध्वनि प्रसंस्करण करने में सक्षम हैं। यह उपलब्धि AI के क्षेत्र में एक अहम कदम मानी जा रही है। 

    युवाओं की प्रतिभा से भविष्य को लेकर उम्मीद

    शशि थरूर ने कहा कि राउल जैसे युवाओं की लगन और प्रतिभा देखकर उन्हें भारत के तकनीकी भविष्य को लेकर गहरी आशा महसूस होती है। उन्होंने राउल और उनकी टीम को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसी ही युवा प्रतिभाएं 21वीं सदी में भारत की विकास गाथा को दिशा देंगी।

    मोबाइल पर दिखाई AI रिसर्च, सेल्फी भी ली 

    इस दौरान राउल ने अपने मोबाइल फोन में AI से जुड़े अपनी रिसर्च और प्रोजेक्ट्स शशि थरूर को दिखाए। तकनीक की यह झलक देखकर थरूर काफी प्रभावित नजर आए। दोनों ने साथ में सेल्फी भी ली और काफी देर तक टेक्नोलॉजी व भविष्य की संभावनाओं पर बातचीत करते रहे।

    Naresh Bhagoria
    By Naresh Bhagoria

    नरेश भगोरिया। 27 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्ववि...

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