16 अगस्त को सीहोर में गूंजेगा हर-हर महादेव, त्रिवेणी संगम के पवित्र जल से होगा बाबा केदारनाथ का अभिषेक

सीहोर। सावन की पावन बेला में जब शिवभक्ति का रंग चहुंओर दिखाई दे रहा है, तब 16 अगस्त को सीहोर की धरती एक अनूठे आध्यात्मिक आयोजन की साक्षी बनेगी। द्वादश ज्योतिर्लिंगों में पंचम ज्योतिर्लिंग के रूप में पूजित भगवान श्री केदारनाथ महादेव को पवित्र जल अर्पित करने के लिए भव्य श्री केदारनाथ कांवड़ यात्रा निकाली जाएगी। यात्रा सीवन नदी तट स्थित श्री हनुमान मंदिर, स्वदेश नगर से प्रारंभ होगी।
सीवन तट से उठेगा शिवभक्ति का सैलाब
श्री माधव महाकाल आरोग्य आश्रम के संरक्षक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष, धर्मरक्षक संत श्री श्री 108 पंडित दुर्गा प्रसाद जी कटारे बाबा ने बताया कि यह यात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति, शिव आराधना और सामाजिक एकता का दिव्य संदेश लेकर निकलेगी। यात्रा में बड़ी संख्या में संत-महात्मा, शिवभक्त और नगरवासी शामिल होंगे। श्रद्धालु सीवन नदी से पवित्र जल लेकर श्री केदारेश्वर धाम की ओर प्रस्थान करेंगे।

पवित्र जल से होगा बाबा केदारनाथ का अभिषेक
कटारे बाबा ने बताया कि यात्रा के दौरान सीवन नदी के जल के साथ विभिन्न पवित्र नदियों के जल का संगम किया जाएगा। इसी पवित्र जल से भगवान श्री केदारनाथ महादेव की पावन केदारशिला का जलाभिषेक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बाबा केदारनाथ की आराधना श्रद्धालुओं के लिए केवल पूजा नहीं, बल्कि आत्मिक शांति, आस्था और भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने का माध्यम है।
गौमाता के दूध से भी होगा महाभिषेक
कथा व्यास पंडित मोहितराम जी पाठक ने बताया कि भगवान श्री केदारनाथ महादेव के अभिषेक में देशी गौमाता के पवित्र दूध का भी उपयोग किया जाएगा। सावन मास में भगवान शिव को जल और दुग्ध अर्पित करने की सनातन परंपरा के बीच यह आयोजन श्रद्धालुओं के लिए विशेष आध्यात्मिक महत्व रखता है। कांवड़ यात्रा के माध्यम से गौसेवा और धार्मिक परंपराओं के संरक्षण का संदेश भी दिया जाएगा।
सावन में शिव आराधना का विशेष महत्व
पंडित मोहितराम जी पाठक ने कहा कि सावन मास भगवान शिव की आराधना के लिए अत्यंत पवित्र माना गया है। इस महीने शिवलिंग पर जल अर्पित करने की परंपरा सदियों से चली आ रही है। श्रद्धालुओं की आस्था है कि बाबा केदारनाथ की केदारशिला का पूजन और जलाभिषेक करने से भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है तथा जीवन की बाधाओं से मुक्ति और आध्यात्मिक शांति का मार्ग प्रशस्त होता है।
हर-हर महादेव से गूंजेगा शहर
आयोजकों के अनुसार 16 अगस्त को सीहोर में कांवड़ यात्रा के दौरान हर-हर महादेव और बम-बम भोले के जयघोष से वातावरण शिवमय हो जाएगा। यात्रा में शामिल श्रद्धालु आस्था और भक्ति के साथ पवित्र जल लेकर श्री केदारेश्वर धाम पहुंचेंगे, जहां विधि-विधान से बाबा केदारनाथ महादेव का अभिषेक किया जाएगा।
सनातन संस्कृति और एकता का संदेश
आयोजकों ने नगर एवं जिले के सभी शिवभक्तों, धर्मप्रेमी नागरिकों और सनातन समाज से अधिक से अधिक संख्या में कांवड़ यात्रा में शामिल होने का आह्वान किया है। यह यात्रा श्रद्धा के साथ गौसेवा, सनातन संस्कृति, शिवभक्ति और सामाजिक एकता का संदेश भी देगी। सावन की इस पावन यात्रा में जब हजारों कंठों से हर-हर महादेव का उद्घोष होगा, तो सीहोर की धरती भक्ति और आस्था से सराबोर नजर आएगी।













