चित्रकूट। रामनवमी पर पावन नगरी रोशनी से सराबोर होगी। यह रोशनी 21 लाख झिलमिल दीपों की होगी। यह नजारा देखते ही बनेगा। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण मंदाकिनी नदी के तट पर स्थित भरत घाट और राघव प्रयाग घाट रहेंगे, जहां 1.51 लाख दीप जलाने की विशेष योजना बनाई गई है। इस ऐतिहासिक आयोजन में करीब 45 सामाजिक और धार्मिक संस्थाएं सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी कार्यक्रम में शामिल होने चित्रकूट पहुंचेंगे। वे भरत घाट पर आयोजित गंगा आरती में भाग लेकर दीप प्रज्ज्वलन करेंगे और आयोजन का विधिवत शुभारंभ करेंगे। मुख्यमंत्री के दौरे को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर व्यापक इंतजाम किए हैं। 🪔
चित्रकूट में इस अवसर पर भक्ति और संस्कृति का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। मंदाकिनी नदी के तट पर भक्ति गीतों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से वातावरण भक्तिमय हो उठेगा। कार्यक्रम की शुरुआत शाम 7 बजे मऊगंज की बघेली लोक गायिका स्नेहा मिश्रा की प्रस्तुति से होगी। इसके बाद ग्वालियर की तरुणा सिंह के निर्देशन में श्रीराम पर आधारित नृत्य नाटिका मंचित की जाएगी। वहीं उज्जैन के प्रसिद्ध शर्मा बंधु भजन संध्या में अपनी मधुर प्रस्तुति देकर श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध करेंगे।
आयोजन को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए पूरे चित्रकूट क्षेत्र को 8 जोन में विभाजित किया गया है। एसडीएम महिपाल सिंह गुर्जर के अनुसार, सभी घाटों और प्रमुख स्थलों पर एक ही समय शाम 7 बजे दीप जलाने की व्यवस्था की गई है। अधिकारियों और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाकर समन्वय सुनिश्चित किया गया है। घाटों और मंदिरों को आकर्षक सजावट व रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया है। इस भव्य आयोजन के माध्यम से चित्रकूट अपनी धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान को एक बार फिर राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करेगा।