हर्षित चौरसिया,जबलपुर। प्रदेश के कॉलेजों में अध्ययनरत छात्राओं के आत्मविश्वास, कौशल और जागरुकता में वृद्धि करने को लेकर नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम का शंखनाद हो चुका है। इस पहल के तहत प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में 10 से 25 अप्रैल यानी 15 दिनों तक नारी शक्ति वंदन पखवाड़े का आयोजन किया जा रहा है।
विभागीय अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक पखवाड़े की गतिविधियों को दो मुख्य चरणों में बांटा गया है। इसमें पहला चरण (10 से 13 अप्रैल) आयोजित किया गया है। इस दौरान नारी शक्ति वंदन अधिनियम-2023 के प्रावधानों पर विशेष व्याख्यान और संवाद कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसमें क्षेत्र की महिला जनप्रतिनिधियों, उद्यमियों और विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाएं छात्राओं को टिप्स देंगी। वहीं दूसरा चरण 13 से 25 अप्रैल के बीच आयोजित किया जाना है। इसमें छात्राओं को कानूनी अधिकार, साइबर सुरक्षा, कार्यस्थल पर लैंगिक समानता और वित्तीय साक्षरता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर आयोजित सत्रों में विषय के विशेषज्ञ जानकारी देंगे।
विभागीय अधिकारियों के मुताबिक इस कार्यक्रम की मॉनिटरिंग दिल्ली और भोपाल से सीधे की जाएगी। जो कॉलेज अपने यहां पर प्रदेश में सबसे अच्छा कार्यक्रम आयोजित करेगा सीएम उसे खुद सराहेंगे। ऐसे में कॉलेजों में इसे लेकर जोरदार तैयारी चल रही है।
पखवाड़े के दौरान शैक्षणिक संस्थानों में केवल व्याख्यान ही नहीं, बल्कि कई रचनात्मक और शारीरिक सशक्तिकरण की गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी। इसमें कल की महिला नेतृत्व और शिक्षा से सशक्तिकरण जैसे विषयों पर पोस्टर और निबंध प्रतियोगिताएं होंगी। हस्तशिल्प और कला के क्षेत्र में कौशल विकास एवं उद्यमिता प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा। छात्राओं के लिए हीमोग्लोबिन चेकअप, मानसिक स्वास्थ्य परामर्श के साथ-साथ आत्मरक्षा , मार्शल आर्ट्स और जूडो-कराटे का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
आयुक्त उच्च शिक्षा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम का आयोजन दो चरणों में सभी कॉलेजों में किया जाना है। इसके लिए पूरी कार्ययोजना कॉलेजों को भेज दी गई है। इसकी मॉनिटरिंग दिल्ली और भोपाल से होना है लिहाजा सभी को निर्देशित किया गया है कि अपने यहां की रिपोर्ट समय-सीमा से भेज दें।
प्रो. (डॉ.) अलकेश चतुर्वेदी, लीड कॉलेज प्राचार्य, जबलपुर।