
भोपाल। पिछले कई दिनों से मध्यप्रदेश बीजेपी कार्यकर्ताओं को अपने नए प्रदेश अध्यक्ष के ऐलान होने का इंतजार है। हालांकि, दिल्ली विधानसभा चुनाव और भोपाल में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के चलते भारतीय जनता पार्टी के संगठन चुनाव की प्रकिया रुक गई थी, जो अब फिर से शुरू होगी। एमपी में बूथ, मंडल और जिलाध्यक्ष का चुनाव हो चुका है, अब सिर्फ प्रदेशाध्यक्ष के निवार्चन की प्रकिया शुरू होनी है। अब ये माना जा रहा है कि, 10 मार्च से पहले प्रदेशाध्यक्ष के निर्वाचन की प्रकिया पूरी हो जाएगी।
पड़ोसी राज्यों में रिपीट हुए हैं प्रदेश अध्यक्ष
एमपी के पड़ोसी राज्य छत्तसीगढ़ और राजस्थान की बात करें तो, यहां भी प्रदेश अध्यक्षों की घोषणा हो चुकी है। छत्तीसगढ़ में किरण सिंह देव और राजस्थान में मदन राठौर को प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया है। लेकिन खास बात ये है कि ये दोनों रिपीट किए गए हैं। ऐसे में एक अटकलें ये भी लगाई जा रही हैं कि एमपी बीजेपी कहीं अपने वर्तमान प्रदेश अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा को दोबारा रिपीट न कर दे।
30 जनवरी को जिलाध्यक्षों की प्रकिया हो चुकी थी पूरी
30 जनवरी को इंदौर के ग्रामीण और शहरी जिलाध्यक्षों की घोषणा के साथ ही 62 बीजेपी जिलाध्यक्षों के निवार्चन की प्रकिया पूरी हो चुकी है, ऐसे में ये माना जा रहा था कि 15 फरवरी को एमपी बीजेपी अपने जिलाध्यक्ष की घोषणा कर देगी, लेकिन ग्लोबल इन्वेस्टरर्स समिट के चलते ये टाल दिया गया, लेकिन अब जल्द ही ये प्रकिया की शुरू हो जाएगी।
प्रदेश अध्यक्ष के दावेदार अनेक, केन्द्र के हाथ में फैसला
एमपी बीजेपी में भी प्रदेश अध्यक्ष को लेकर दावेदार अनेक है, लेकिन प्रदेश अध्यक्ष कौन बनेगा ये फैसला सिर्फ बीजेपी हाईकमान करेगी। हालांकि, पार्टी ने एमपी में 2003 से चली आ रही परम्परा ही चलाई है, जिसके चलते सत्ता ओबीसी वर्ग के हाथों में और वर्तमान में सत्ता की कमान सवर्ण वर्ग के पास है। फिलहाल, इन सभी दावेदारों के नाम पर संगठन के चुनाव अधिकारियों के अलावा केन्द्रीय नेतृत्व भी अपनी नजर बनाए हुए हैं।