
नीमराणा। राजस्थान के कोटपूतली-बहरोड़ जिले के नीमराणा इलाके के मोल्हड़िया गांव में एक बड़ा हादसा हो गया। यहां रिहायशी क्षेत्र में बने एक कबाड़ के गोदाम में अचानक भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते पूरे गोदाम को अपनी चपेट में ले लिया। आसपास के लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही हालात बेकाबू हो गए।
नीमराणा इलाके में हुए भीषण अग्निकांड में 7 साल की एक बच्ची और तीन मजदूरों की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसे के बाद देर रात करीब 10 बजे तक चारों शवों को नीमराणा के सरकारी अस्पताल पहुंचा दिया गया। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक और दहशत का माहौल है। हादसे की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन अलर्ट मोड पर है।
घटना के बाद मौके पर पुलिसकर्मी मौजूद है
यह भी पढ़ें: बंगाल चुनाव के बीच मोदी सरकार का बड़ा दांव : अशोक लाहिड़ी को NITI आयोग का उपाध्यक्ष बनाया, जानें किसकी जगह लेंगे?
जिस गोदाम में आग लगी, वहां बड़ी मात्रा में सेंट (परफ्यूम) की खाली शीशियां और अन्य कबाड़ रखा हुआ था। इसके साथ ही उसी परिसर में प्लास्टिक दाने की फैक्टरी भी संचालित हो रही थी। आग तेजी से फैलते हुए फैक्टरी तक पहुंच गई, जिससे स्थिति और ज्यादा गंभीर हो गई।
हादसे के बाद रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी जेसीबी
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, प्लास्टिक दाने की फैक्टरी में आग लगने के बाद धमाका भी हुआ। इससे आग और तेजी से फैल गई। यह इलाका आयात-निर्यात संवर्धन पार्क (EPIP) के पास स्थित है और गोदाम के करीब एक हाउसिंग सोसायटी भी मौजूद है, जिससे आसपास के लोगों में भी डर फैल गया।
चश्मदीदों ने बताया कि आग लगते ही मजदूर बाहर निकलने के लिए दौड़े, लेकिन गेट पर एक ट्रक फंसा हुआ था। ट्रक चालक मौके से भाग गया, जिससे रास्ता पूरी तरह बंद हो गया। मजदूरों ने दूसरी तरफ से निकलने की कोशिश की, लेकिन ऊंची दीवार के कारण वे बाहर नहीं निकल सके और आग की चपेट में आ गए।
घटना के बाद मौके पर राहत और बचाव कार्य तेज कर दिया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अभी भी कई मजदूर अंदर फंसे हो सकते हैं, जिससे मौत का आंकड़ा बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। एसडीआरएफ और एफएसएल की टीमें मौके पर पहुंच चुकी हैं और जांच शुरू कर दी गई है। दूसरी ओर प्रशासन अंदर फंसे लोगों को बचाने की पूरी कोशिश में जुटा है।
जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, पुलिस और छह दमकल गाड़ियों की मदद से करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। मामले की जांच जारी है और हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है।