
इंदौर क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित ई-सिगरेट बेचने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से करीब 10 लाख रुपए की ई-सिगरेट जब्त की गई है। पुलिस के अनुसार, आरोपी इंदौर शहर में पढ़ने वाले छात्रों और नवयुवकों को नशे की लत लगाकर प्रतिबंधित ई-सिगरेट की सप्लाई कर रहा था।
भोपाल से लाता था ई-सिगरेट
दरअसल, इंदौर क्राइम ब्रांच को मुखबिर से सूचना मिली थी कि महारानी रोड स्थित कास्मेटिक मार्केट में एक व्यक्ति अपने गोदाम से प्रतिबंधित ई-सिगरेट का व्यापार कर रहा है। सूचना के आधार पर क्राइम ब्रांच की टीम ने ब्यूटी विला नामक दुकान पर दबिश दी और आरोपी उमेश नानिकशाही को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान उमेश ने खुलासा किया कि वह यह ई-सिगरेट भोपाल के पंकज नामक व्यक्ति से लाता था।
आरोपी के कब्जे से सामग्री जब्त
- 304 ई-सिगरेट
- 560 हुक्का फ्लेवर पैक
- 30 हुक्का नग
- 20 बॉक्स चारकोल
- 12 किलोग्राम लिक्विड फ्लेवर
- जब्त सामग्री की कुल कीमत लगभग 10 लाख रुपए आंकी गई है।
- आरोपी उमेश ऑनलाइन प्लेटफॉर्म रेपीडो के माध्यम से छात्रों और युवाओं को सिगरेट सप्लाई करता था।
आरोपी ने अवैध सप्लाई करना कबूला
एडिशनल डीसीपी क्राइम राजेश दंडोतिया ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर हमने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसने ई-सिगरेट की अवैध सप्लाई करना कबूल किया है। आगे की जांच जारी है। वहीं पुलिस ने प्रोहिबिशन ऑफ ई-सिगरेट एक्ट 2019 के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आरोपी उमेश से पूछताछ जारी है। साथ ही भोपाल निवासी दूसरे आरोपी पंकज की तलाश शुरू कर दी गई है।