भोपाल। निशातपुरा इलाके में गुरुवार को एक सीवेज टैंक से एल्यूमीनियम की संदूक में बंद मिली अज्ञात महिला की पहचान कर पुलिस ने चौबीस घंटे में अंधे कत्ल का खुलासा कर दिया है। महिला की उसके शादीशुदा प्रेमी ने चार दिन पहले विवाद होने के बाद गला घोट कर हत्या कर दी थी। इसके बाद आरोपी ने अपनी मां, भाई और बहन के साथ मिलकर उसकी लाश को संदूक में बंद कर ठिकाने लगा दिया था। पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर मुख्य आरोपी और हत्या की वारदात के बाद लाश को ठिकाने लगाने के मामले में उसकी मां, भाई और बहन को भी गिरफ्तार कर लिया है।
एडिशनल डीसीपी जोन-4 मलकीत सिंह ने बताया कि निशातपुरा थाना पुलिस ने गुरुवार दोपहर छह घरा कमल नगर हाऊसिंग बोर्ड कॉलोनी स्थित सीवेज टैंक से एल्यूमीनियम की संदूक बरामद की थी, संदूक के अंदर एक अज्ञात महिला का शव मिला था, शव करीब चार दिन पुराना होने के कारण डीकम्पोज हो चुका था। चूंकि प्राथमिक जांच में मामला हत्या का लग रहा था, इसलिए पुलिस ने मर्ग कायम कर घटना स्थल के आसपास मृतका के बारे में जानकारी जुटाई। इस दौरान पुलिस को पता चला कि घटनास्थल से कुछ दूरी पर रहने वाला एक युवक पिछले कुछ दिनों से अपने घर से गायब है। वहीं आसपास के लोगों ने महिला की लाश देखकर अंदेशा जताया था कि उक्त महिला पास ही में रहने वाले संदिग्ध युवक के घर पर देखी गई थी।
अभी पुलिस संदेही पीले क्वार्टर कमल नगर निवासी समीर पिता स्व. इकबाल (22) की तलाश कर ही थी, तभी पुलिस को उसके घर पहुंचने का पता चला। इस पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर समीर को हिरासत में ले लिया। थाने लाकर की गई पूछताछ में उसने हत्या की वारदात को अंजाम देना कबूल किया।
आरोपी समीर ने मृतका की पहचान गोंदिया महाराष्ट्र निवासी मिसबाह पिता सरफराज (22) के रूप में की है। उसने पुलिस को बताया कि सिंतबर 2025 में उसकी मिसबाह से ऑनलाइन डेटिंग ऐप के जरिया जान-पहचान हुई थी, जल्द ही दोनों एक दूसरे को पसंद करने लगे और प्रेम प्रसंग शुरू हो गया। समीर अपनी पहली पत्नी को तलाक देने के बाद 2025 में ही जबलपुर की रहने वाली एक युवती से शादी कर चुका था, मिसबाहर तीसरी महिला थी।
मिसबाह अक्टूबर में भोपाल आकर समीर और उसकी पत्नी के साथ उसकी के घर में लिव इन में रहने लगी। इस बीच मिसबाह और समीर की पत्नी के बीच विवाद हुआ तो मिसबाह ने उसकी पत्नी के साथ मारपीट कर दी थी। करीब दस दिन पहले समीर की पत्नी मायके चली गई थी। मिसबाह भी शादीशुदा थी, उसने महाराष्ट्र और गुजरात में दो व्यक्तियों से शादी कर चुकी थी।
समीर अपनी पत्नी के नाराज होने मायके जाने से दुखी था, वहीं मिसबाह उस पर पत्नी को छोड़कर उससे शादी करने का दबाव बना रही थी। 7-8 फरवरी की रात समीर और मिसबाह के बीच शादी की बात को लेकर एक बार फिर विवाद हुआ। दोनों एक दूसरे का मोबाइल तोड़ दिया और गला दबाने लगे। इसी दौरान समीर ने पूरी ताकत के साथ मिसबाह का गला दबा दिया। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
मिसबाह की हत्या करने के बाद आरोपी समीर ने अपने भाई साहिल, बहन सायमा और मां शाहनाज के साथ मिलकर मिसबाह की लाश को एक संदूक में बंद किया। इसके बाद एक दिन लाश को अपने घर में रखने के बाद अगले दिन सीवेज टैंक में ठिकाने लगा दिया।