
भोपाल। पीड़ित से डेढ़ लाख रुपए लेकर नौकरी दिलाने का झांसा दिया गया, लेकिन तय समय बीतने के बाद भी कुछ नहीं हुआ। जांच में दस्तावेज फर्जी पाए गए, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
संत हिरदाराम नगर निवासी कमलेश नाथानी ने शिकायत में बताया कि कथावाचक मुकेश शर्मा ने उनके बेटे को विदेश में नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया था। इस भरोसे के चलते आरोपी ने धीरे-धीरे उनसे कुल एक लाख पचास हजार रुपए ले लिए। आरोपी ने खुद को प्रभावशाली और जानकार बताते हुए परिवार का विश्वास जीत लिया। शुरुआत में उसने प्रक्रिया पूरी होने का आश्वासन दिया और चार महीने की समय सीमा तय की। पीड़ित परिवार ने बेहतर भविष्य की उम्मीद में रकम दे दी। आरोपी लगातार संपर्क में रहकर भरोसा बनाए रखता रहा। लेकिन समय बीतने के बाद भी आरोपी ने नौकरी नहीं लगवा पाई।
समय सीमा खत्म होने के बाद आरोपी ने व्हाट्सएप के जरिए कथित वर्क परमिट भेजा और बाकी रकम की मांग शुरू कर दी। इस पर पीड़ित को शक हुआ और उन्होंने दस्तावेजों की जांच करवाई। जांच में सामने आया कि भेजा गया वर्क परमिट पूरी तरह फर्जी है। इसके बावजूद आरोपी पैसे की मांग करता रहा और टालमटोल करता रहा। पीड़ित को समझ आ गया कि उनके साथ धोखाधड़ी हुई है। इसके बाद उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए कानूनी कार्रवाई का फैसला किया। यह खुलासा होने के बाद आरोपी की चालाकी उजागर हो गई।
पीड़ित कमलेश नाथानी ने संत नगर थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई और सभी सबूत पुलिस को सौंपे। उन्होंने बताया कि कुल राशि में से एक लाख बीस हजार रुपए ऑनलाइन माध्यम से और बाकी नकद दिए गए थे। पुलिस ने प्रारंभिक जांच के बाद आरोपी मुकेश शर्मा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल मामले की जांच जारी है और पुलिस आरोपी मामले की जांच पड़ताल कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।