डीके शिवकुमार आज कर्नाटक CM के रूप में शपथ लेंगे, 4 बजे समारोह, मंत्रियों की लिस्ट भी होगी जारी

बेंगलुरु। कर्नाटक में सत्ता परिवर्तन के बीच डीके शिवकुमार आज राज्य के 24वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे। शपथ ग्रहण समारोह शाम 4 बजे बेंगलुरु के लोक भवन में आयोजित होगा। कांग्रेस विधायक दल की बैठक में 30 मई को उन्हें विधायक दल का नेता चुना गया था। अब वे सिद्धारमैया की जगह राज्य की जिम्मेदारी संभालेंगे।
लोक भवन में होगा शपथ ग्रहण समारोह
डीके शिवकुमार का शपथ ग्रहण समारोह बुधवार शाम 4 बजे बेंगलुरु में होगा। कार्यक्रम में कांग्रेस के कई बड़े नेताओं के शामिल होने की संभावना है। मुख्यमंत्री बनने के साथ ही शिवकुमार नई सरकार की कमान संभालेंगे। दूसरी ओर दिल्ली से आज उनके कैबनिट विस्तार को लेकर अहम सूची भी आने वाली है। जिससे राज्या के अलग- अलग विभाग किसके पास होंगे यह तय होगा।
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नई कैबिनेट की लिस्ट दिल्ली से आएगी
शिवकुमार ने बताया कि नई कैबिनेट में शामिल होने वाले मंत्रियों की सूची बुधवार सुबह 10 बजे या दोपहर तक जारी हो सकती है। उन्होंने साफ कहा कि मीडिया में चल रहे संभावित नाम आधिकारिक नहीं हैं। अंतिम सूची कांग्रेस हाईकमान तय करेगा और फिर उसे राजभवन भेजा जाएगा।
कर्नाटक में सत्ता बदलाव
कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के भीतर लंबे समय से चल रही नेतृत्व की चर्चा अब खत्म होती दिख रही है। सिद्धारमैया के इस्तीफे के बाद डीके शिवकुमार मुख्यमंत्री पद संभालने जा रहे हैं। यह बदलाव उस सत्ता समझौते का हिस्सा माना जा रहा है, जिसकी चर्चा 2023 विधानसभा चुनाव के बाद से होती रही है।
क्या था ढाई-ढाई साल का CM फॉर्मूला?
2023 विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की जीत के बाद मुख्यमंत्री पद को लेकर सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार दोनों मजबूत दावेदार थे। पार्टी के अंदर संतुलन बनाए रखने के लिए नेतृत्व ने कथित तौर पर ‘ढाई-ढाई साल’ का फॉर्मूला अपनाया। इसके तहत पहले सिद्धारमैया को मुख्यमंत्री बनाया गया और तय माना गया कि बाद में डीके शिवकुमार को मौका मिलेगा।
सिद्धारमैया ने 20 मई 2023 को मुख्यमंत्री पद संभाला और 28 मई 2026 तक पद पर रहे। हालांकि नवंबर 2025 में उनका ढाई साल का कार्यकाल पूरा होने के बाद भी नेतृत्व परिवर्तन नहीं हो पाया।
सीएम बदलना क्यों बना जरूरी?
कांग्रेस संगठन के लिए नेतृत्व परिवर्तन सिर्फ सरकार बदलने का मामला नहीं था, बल्कि राजनीतिक संतुलन बनाए रखने की चुनौती भी थी। डीके शिवकुमार लंबे समय से मुख्यमंत्री पद के प्रमुख दावेदार रहे हैं और संगठन में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है।
सूत्रों के मुताबिक, पार्टी को वोक्कालिगा समुदाय और अलग-अलग गुटों के बीच संतुलन साधने के लिए सत्ता हस्तांतरण जरूरी लगा। साथ ही, आने वाले चुनावों और संगठनात्मक रणनीति को देखते हुए भी बदलाव को अहम माना जा रहा है।
नई कैबिनेट में बड़े बदलाव के संकेत
सूत्रों के अनुसार, नई सरकार में कई बड़े चेहरे शामिल हो सकते हैं। 4 डिप्टी मुख्यमंत्री बनाए जाने की चर्चा है, जबकि मौजूदा कैबिनेट से करीब 10 मंत्रियों की छुट्टी हो सकती है। शपथ ग्रहण समारोह में राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे समेत कई कांग्रेस शासित राज्यों के मुख्यमंत्री शामिल होने की संभावना है।











