दिवाली के जाते ही सोने-चांदी के भाव में आई गिरावट, सोना रिकॉर्ड हाई से 5,677 पर गिरा, चांदी 25 हजार रुपए सस्ती

नई दिल्ली। दिवाली तक सोना-चांदी के भाव में अच्छी तेजी बनी थी। लेकिन त्योहार के जाते ही सोना-चांदी के दाम में भारी गिरावट आई है। सोना अपने ऑल टाइम हाई से 5,677 रुपए और चांदी भी रिकॉर्ड हाई से 25,599 रुपए सस्ती हो गई है।
इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार आज यानी, 22 अक्टूबर को 10 ग्राम 24 कैरेट सोने का दाम 3,726 रुपए घटकर 1,23,907 रुपए के स्तर पर आ गया है। इससे पहले 20 अक्टूबर को यह 1,27,633 रुपए पर था। वहीं 17 अक्टूबर को सोने ने 1,29,584 रुपए का ऑल टाइम हाई बनाया था।
चांदी में भी गिरावट दर्ज
चांदी के दाम आज 10,549 रुपए घटकर 1,52,501 रुपए प्रति किलो पर आ गए हैं। इससे पहले चांदी 1,63,050 रुपए प्रति किलो थी। वहीं 14 अक्टूबर को चांदी 1,78,100 रुपए के ऑल टाइम हाई के स्तर पर पहुंची थी। दरअसल फेस्टिव सीजन के जाते ही चांदी की डिमांड घटने लग गई है। जिस कारण गिरावट बनी है और ग्राहकों की रूचि भी सीजनल ओकेशन के साथ ही खत्म हो गई।
सोना-चांदी में गिरावट के कारण
- भारत में सीजनल बाइंग का खत्म होना: दीवाली जैसे फेस्टिवल में ग्राहक अपनी प्लानिंग पहले से करते हैं लेकिन फेस्टिव सीजन के जाते ही इंडिया में सोने-चांदी की खरीदारी का सिलसिला थम गया। इससे सोना-चांदी की डिमांड में कमी आई है।
- अमेरिका-चीन ट्रेड टेंशन में ढील: सोना-चांदी को 'सेफ-हेवन' माना जाता है, यानी मुश्किल वक्त में लोग इन्हें खरीदतना पसंद करते हैं। लेकिन अब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीन के शी जिनपिंग के बीच अगले हफ्ते मीटिंग होने वाली है। इससे ट्रेड वॉर की चिंता कम हुई है।
- प्रॉफिट-टेकिंग और ओवरबॉट सिग्नल: रैली के बाद निवेशक प्रॉफिट बुक कर रहे हैं। टेक्निकल इंडिकेटर्स जैसे रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) दिखा रहे थे कि कीमतें ओवरबॉट जोन में पहुंच चुकी थीं। इसलिए ट्रेंड फॉलोअर्स और डीलर्स ने बिकवाली शुरू कर दी है।
इस साल कितना महंगा हुआ सोना-चांदी
बात करें इस साल 2025 में अब तक सोने की कीमत 47,745 रुपए बढ़ी है। जबकि 31 दिसंबर 2024 को 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 76,162 रुपए का था, जो अब 1,23,907 रुपए हो गया है। चांदी का भाव भी इस दौरान 66,484 रुपए बढ़ गया है। 31 दिसंबर 2024 को एक किलो चांदी की कीमत 86,017 रुपए थी, जो अब 1,52,501 रुपए प्रति किलो हो गई है। इस लिहाज से सालभर में इनकी कीमतों में काफी उछाल आई है।











