भोपाल में बैरिकेड्स हटाने की मांग पर व्यापारियों का प्रदर्शन, चौक-लखेरापुरा बाजार बंद; सड़क पर धरने पर बैठे कारोबारी

राजधानी भोपाल के पुराने शहर में मोती मस्जिद के सामने महीनों से लगे बैरिकेड्स को लेकर व्यापारियों का आक्रोश शुक्रवार को खुलकर सामने आया। बैरिकेड्स हटाने की मांग को लेकर व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद रखीं और सड़क पर धरना देकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि बैरिकेडिंग के कारण बाजारों तक पहुंचना मुश्किल हो गया है जिससे कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
चौक, लखेरापुरा समेत कई बाजार रहे बंद
विरोध प्रदर्शन के चलते चौक बाजार, लखेरापुरा और आसपास के कई प्रमुख बाजारों में व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित रहीं। बड़ी संख्या में व्यापारी धरने में शामिल हुए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। व्यापारी संघ के अध्यक्ष अभिषेक जैन ने कहा कि जब तक मोती मस्जिद के सामने लगाए गए बैरिकेड्स नहीं हटाए जाते, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि व्यापारियों ने इससे पहले बुधवार को रैली निकालकर पुलिस और प्रशासन को चेतावनी भी दी थी, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया गया।
कई व्यापारी संगठन आंदोलन में शामिल
धरना प्रदर्शन में भोपाल व्यवसायी महासंघ, श्री सराफा एसोसिएशन, फेडरेशन ऑफ राजधानी वस्त्र व्यवसायी संघ, ओल्ड भोपाल होलसेल रेडीमेड संघ, आजाद मार्केट व्यापारी संघ, नदीम रोड व्यापारी संघ और इब्राहिमपुरा व्यापारी संघ सहित कई व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारी और सदस्य शामिल हुए।
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बैरिकेड्स से बाजारों तक पहुंच हुई मुश्किल
व्यापारियों का कहना है कि मोती मस्जिद के सामने इकबाल मैदान चौराहे पर लगी बैरिकेडिंग के कारण भोज सेतु की ओर से आने वाले वाहनों को सीधे चौक बाजार और सराफा पहुंचने के बजाय सदर मंजिल और चिरायु अस्पताल की ओर से लंबा चक्कर लगाकर लखेरापुरा, चौक बाजार, सराफा, जुमेराती, बुधवारा और इब्राहिमगंज जैसे बाजारों तक पहुंचना पड़ता है। इससे ग्राहकों की संख्या कम हो रही है और व्यापार पर सीधा असर पड़ रहा है।
आग की घटना के बाद बढ़ा व्यापारियों का गुस्सा
व्यापारियों ने दावा किया कि 1 अगस्त को चौक बाजार स्थित करीब 100 साल पुरानी कपड़ा दुकान में लगी आग के दौरान भी बैरिकेडिंग के कारण दमकल वाहन समय पर मौके तक नहीं पहुंच सका था। उनका कहना है कि इसी घटना के बाद से पुलिस की व्यवस्था को लेकर व्यापारियों में नाराजगी लगातार बढ़ रही है।
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पुलिस ने बताया बैरिकेडिंग का कारण
वहीं पुलिस का कहना है कि बैरिकेडिंग सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखकर की गई है। अधिकारियों के मुताबिक कई वाहन रॉन्ग साइड से पीर गेट की ओर जा रहे थे, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती थी। इसी वजह से मोती मस्जिद के सामने बैरिकेड्स लगाए गए हैं। अब व्यापारियों ने साफ कर दिया है कि जब तक बैरिकेड्स नहीं हटाए जाते, उनका विरोध जारी रहेगा।












