नई दिल्ली। वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल के बेटे अग्निवेश अग्रवाल का 49 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। अनिल अग्रवाल ने इस दुखद खबर की जानकारी सोशल मीडिया के जरिए दी। उन्होंने रात करीब 10 बजे पोस्ट करते हुए लिखा कि उन्हें लगा था कि मुश्किल समय गुजर चुका है, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। यह दुखद घटना परिवार के लिए गहरा सदमा लेकर आई है।
अपने बेटे को याद करते हुए अनिल अग्रवाल ने इस दिन को अपने जीवन का सबसे अंधकारमय दिन बताया। उन्होंने भावुक शब्दों में बेटे के जाने का दर्द साझा किया।
अनिल अग्रवाल ने बताया कि वे अपने बेटे से किए गए वादे को निभाएंगे। इसके तहत वे अपनी निजी कमाई का 75% हिस्सा दान करेंगे।
जानकारी के अनुसार, अग्निवेश अग्रवाल अमेरिका में स्कीइंग कर रहे थे, इसी दौरान वे गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद उन्हें इलाज के लिए न्यूयॉर्क के माउंट सिनाई अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
अस्पताल में इलाज के दौरान 7 जनवरी 2026 को अग्निवेश को अचानक कार्डियक अरेस्ट आया, जिसके बाद उनका निधन हो गया। डॉक्टरों ने उन्हें बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी।
अनिल अग्रवाल ने बेटे की जिंदगी के शुरुआती दिनों को याद करते हुए बताया कि, 3 जून 1976 को अग्निवेश का जन्म पटना में हुआ था। वे एक मध्यमवर्गीय बिहारी परिवार में पले-बढ़े। बचपन से ही अग्निवेश चंचल, जिंदादिल और ऊर्जा से भरपूर थे।
अनिल अग्रवाल के शब्दों में- 'वह अपनी मां की जिंदगी की रोशनी था, एक जिम्मेदार भाई, सच्चा दोस्त और बेहद संवेदनशील इंसान।'
अग्निवेश अग्रवाल ने मायो कॉलेज, अजमेर से स्कूली शिक्षा प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने मुंबई यूनिवर्सिटी से BBA (कॉमर्स ग्रेजुएशन) किया। वे केवल पढ़ाई में ही नहीं, बल्कि खेल और संगीत में भी आगे थे। बॉक्सिंग चैंपियन, घुड़सवारी के शौकीन, बेहतरीन म्यूजिशियन। उनकी पर्सनैलिटी मजबूत होने के साथ-साथ बेहद सौम्य और विनम्र थी।
अग्निवेश अग्रवाल वेदांता ग्रुप की पावर कंपनी Talwandi Sabo Power Limited (TSPL) के बोर्ड में शामिल थे। इसके अलावा वे कई बड़ी कंपनियों में डायरेक्टर और बोर्ड मेंबर रहे-