हनुमान जयंती के मौके पर देशभर के हनुमान मंदिरों में खास तैयारियां की जा रही हैं। मंदिरों को रोशनी और सजावट से सजाया गया है और बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। इसी बीच तेलंगाना के जगतियाल जिले में स्थित प्रसिद्ध कोंडागट्टू अंजनेय स्वामी मंदिर में एक हादसा हो गया, जिसमें कई श्रद्धालु घायल हो गए।
हनुमान जयंती हर साल चैत्र माह की पूर्णिमा को श्रद्धा के साथ मनाई जाती है। इस अवसर पर तेलंगाना के जगतियाल में स्थित कोंडागट्टू अंजनेय स्वामी मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। यह मंदिर काफी प्रसिद्ध है और यहां दूसरे राज्यों से भी लोग पैदल यात्रा कर भगवान हनुमान के दर्शन करने आते हैं। कई श्रद्धालु हनुमान जी की माला पहनकर भी मंदिर पहुंचते हैं।
मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं को गर्मी से राहत देने के लिए मंदिर प्रशासन ने अस्थायी मंडप और जालीदार छत वाले शेड लगाए थे। इनका मकसद था कि भीड़ में खड़े श्रद्धालुओं को धूप से बचाया जा सके।
हनुमान जयंती के कारण मंदिर में भारी भीड़ उमड़ पड़ी। इसी दौरान धक्का-मुक्की और भीड़ के दबाव के कारण लगाए गए अस्थायी मंडप की जालीदार छत गिर गई। छत के नीचे मौजूद कई श्रद्धालु इसकी चपेट में आ गए।
इस हादसे में लगभग 15 श्रद्धालु घायल हो गए, जिनमें से कुछ को गंभीर चोटें आई हैं। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत घायलों को प्राथमिक उपचार दिलाया और गंभीर रूप से घायल लोगों को पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया।
हादसे के बाद श्रद्धालुओं ने मंदिर प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि गर्मी से बचाव के लिए लगाए गए शीतलक तंबू और जालीदार छतें घटिया सामग्री से बनाई गई थीं, जिसकी वजह से वे गिर गईं।
श्रद्धालुओं ने मंदिर परिसर में पीने के पानी की कमी और शौचालयों की खराब व्यवस्था को लेकर भी नाराजगी जताई है। मंडप गिरने की घटना के बाद मंदिर परिसर में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। फिलहाल प्रशासन स्थिति को संभालने और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को बेहतर बनाने में जुटा है।