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बेंगलुरु। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में एक विशाल जनसभा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला। ‘वोट अधिकार रैली’ में बोलते हुए राहुल ने दावा किया कि भाजपा ने 2024 का लोकसभा चुनाव धोखाधड़ी से जीता है और प्रधानमंत्री मोदी सिर्फ 25 सीटों के मामूली अंतर से सत्ता में लौटे हैं। उन्होंने कहा कि यदि उन्हें पूरा इलेक्ट्रॉनिक डेटा और मतदान की वीडियोग्राफी मिल जाए, तो वह यह साबित कर देंगे कि चुनाव में घोटाला हुआ है और मोदी चोरी करके प्रधानमंत्री बने हैं।
राहुल गांधी ने कहा कि देशभर में भाजपा जिन 25 सीटों पर जीती है, उनका जीत का अंतर 35 हजार या उससे कम था। अगर उन सीटों की जांच की जाए, तो सच्चाई सामने आ जाएगी। उन्होंने दावा किया कि विपक्ष के पास इसके पर्याप्त संकेत हैं कि बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा हुआ है और अब चुनाव आयोग को देश की जनता के सामने जवाब देना चाहिए।
राहुल ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग निष्पक्ष संस्था नहीं रहा और वह भाजपा के हाथों का उपकरण बन चुका है। उन्होंने कहा कि यदि आयोग लोकतंत्र की रक्षा करना चाहता है, तो उसे पिछले दस वर्षों की वोटर लिस्ट, ईवीएम रिकॉर्ड और हर मतदान केंद्र की वीडियोग्राफी सार्वजनिक करनी चाहिए। राहुल ने चेताया कि यदि यह सब नहीं किया गया, तो इसे अपराध माना जाना चाहिए।
कांग्रेस नेता ने कहा कि उनकी पार्टी ने कर्नाटक के महादेवपुरा लोकसभा सीट का गहराई से विश्लेषण किया और वहां बड़े पैमाने पर फर्जी वोट पाए गए। राहुल ने बताया कि एक-एक वोटर की फोटो और नाम को लाखों अन्य रिकॉर्ड से मिलाकर छह महीने की मेहनत के बाद यह निष्कर्ष निकला कि लगभग 1.25 लाख वोट चोरी किए गए। उन्होंने कहा कि यह प्रक्रिया बाकी 25 संदिग्ध सीटों पर भी दोहराई जा सकती है अगर चुनाव आयोग डेटा नहीं देता।
राहुल गांधी ने भाजपा की विचारधारा को संविधान विरोधी बताया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार सिर्फ चुनाव नहीं जीत रही, बल्कि हर संवैधानिक संस्था को कमजोर कर रही है। उन्होंने चेताया कि यदि इस चुप्पी को तोड़ा नहीं गया, तो लोकतंत्र का अस्तित्व खतरे में पड़ जाएगा।
राहुल ने यह भी आरोप लगाया कि चुनाव आयोग के अफसर अब लोकतंत्र के नहीं, बल्कि भाजपा के प्रति जवाबदेह बन चुके हैं। उन्होंने कहा कि आयोग के अधिकारी और आयुक्तों को यह समझना होगा कि एक न एक दिन उन्हें देश की जनता और विपक्ष का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर डेटा को मिटाया गया, तो यह सबूत मिटाने की साजिश मानी जाएगी।
राहुल ने कहा कि कांग्रेस ने कर्नाटक, महाराष्ट्र और बिहार में कई गड़बड़ियों के सबूत जुटाए हैं। महाराष्ट्र में जहां लोकसभा चुनाव में गठबंधन की जीत हुई थी, वहीं कुछ ही महीने बाद विधानसभा में भाजपा जीत गई। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में एक करोड़ नए वोटर सामने आए, जो पहले वोट नहीं डालने आए थे। सवाल उठाते हुए राहुल ने कहा कि ये वोटर अचानक कहां से आए?
उन्होंने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अब कई राज्यों की वेबसाइट्स बंद कर दी गई हैं, जैसे कि राजस्थान और बिहार की, ताकि डेटा को छिपाया जा सके। उन्होंने कहा कि यह काम भी एक सोची-समझी रणनीति का हिस्सा है ताकि विपक्षी दल सच्चाई तक न पहुंच सकें।
राहुल गांधी ने यह स्पष्ट किया कि अगर चुनाव आयोग ने सहयोग नहीं किया, तो कांग्रेस खुद एक-एक सीट की सच्चाई निकालेगी। उन्होंने कहा कि उन्होंने एक सीट की सच्चाई छह महीने में निकाली, अब समय लगेगा लेकिन देश की हर संदिग्ध सीट की जांच की जाएगी। राहुल ने कहा, “आप छिप नहीं सकते, एक दिन आपको जनता और विपक्ष का सामना करना ही होगा।”