केतन मर्डर केस में बड़ा खुलासा:शादी की शॉपिंग के बहाने सिया ने ऐंठे 1 करोड़, प्रेमी को देकर रच डाली साजिश

महाराष्ट्र के पुणे में हुए चर्चित केतन अग्रवाल मर्डर केस में जांच के दौरान एक और बड़ा खुलासा हुआ है। सूत्रों के अनुसार पुलिस जांच में सामने आया है कि हत्या की मुख्य आरोपी सिया गोयल ने अपने मंगेतर केतन अग्रवाल से शादी की शॉपिंग के बहाने करीब 1 करोड़ रुपए लिए थे। लेकिन शादी की तैयारी करने के बजाय उसने यह पूरी रकम अपने प्रेमी चेतन चौधरी को दे दी।
जानकारी मुताबिक, इसी दौरान दोनों ने मिलकर केतन की हत्या की पूरी साजिश रची और फिर उसे लोहागढ़ किले की गहरी खाई में धक्का देकर मौत के घाट उतार दिया।
शादी की शॉपिंग के नाम पर लिए करोड़ों रुपए
पुलिस के अनुसार, केतन अग्रवाल और सिया गोयल की शादी तय हो चुकी थी। शादी की तैयारियों और खरीदारी के लिए केतन ने सिया पर भरोसा करते हुए उसे लगभग 1 करोड़ रुपए दिए थे, लेकिन सिया ने इन पैसों का इस्तेमाल शादी की खरीदारी में नहीं किया। जांच में पता चला कि उसने पूरी रकम अपने प्रेमी चेतन चौधरी को सौंप दी।
बताया जा रहा है कि चेतन आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से था और अपना करियर तथा कारोबार शुरू करना चाहता था। इसी वजह से सिया ने अपने मंगेतर से लिए गए पैसे प्रेमी को दे दिए ताकि वह आर्थिक रूप से मजबूत बन सके।
प्रेमी को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना था मकसद
जांच में सामने आया है कि चेतन ने सिया से कहा था कि उसे अपने पैरों पर खड़ा होने और कारोबार जमाने में कम से कम तीन साल लगेंगे। इसी को ध्यान में रखते हुए दोनों ने एक लंबी योजना बनाई। उनका मकसद था कि पहले केतन को रास्ते से हटाया जाए, फिर चेतन इन पैसों से अपना भविष्य बनाए और कुछ साल बाद दोनों बिना किसी शक के शादी कर लें।
यह भी पढ़ें: पुणे रेप-मर्डर केस: 4 साल की बच्ची के दरिंदे को सजा-ए-मौत, CCTV-DNA और मेडिकल रिपोर्ट बने बड़े सबूत
तीन साल तक शादी नहीं करने का बनाया था प्लान
जांच में यह भी सामने आया कि सिया और चेतन ने फैसला किया था कि केतन की मौत के तुरंत बाद वे शादी नहीं करेंगे। दोनों ने तय किया था कि कम से कम तीन साल तक वे शादी नहीं करेंगे ताकि किसी को उन पर शक न हो। इस दौरान चेतन अपना कारोबार खड़ा करेगा, आर्थिक रूप से मजबूत होगा और जब मामला पूरी तरह शांत हो जाएगा, तब दोनों परिवार की सहमति से शादी करने की कोशिश करेंगे।
कैसे दिया वारदात को अंजाम?
पुलिस के मुताबिक, सिया गोयल और चेतन चौधरी ने पहले से पूरी साजिश तैयार कर रखी थी। दोनों केतन को घूमने के बहाने पुणे के प्रसिद्ध लोहागढ़ किले पर लेकर गए। वहां मौका मिलते ही दोनों ने कथित तौर पर केतन को एक ऊंची चट्टान से गहरी खाई में धक्का दे दिया। खाई में गिरने से केतन की मौके पर ही मौत हो गई। शुरुआत में इस घटना को हादसा मानने की आशंका थी, लेकिन जांच आगे बढ़ने पर कई ऐसे सबूत मिले, जिन्होंने पूरी कहानी बदल दी।
यह भी पढ़ें: Ketan Agarwal Murder: किले की चोटी पर फिर दोहराई गई वो खौफनाक वारदात, पुलिस ने सीन रीक्रिएट कर खोले नए राज!
18 जून को हुई थी गिरफ्तारी
पुलिस ने मामले की गहराई से जांच की। मोबाइल कॉल रिकॉर्ड, डिजिटल सबूत, पूछताछ और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर सिया गोयल और चेतन चौधरी पर शक गहराता गया। आखिरकार 18 जून को दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ और जांच के दौरान पुलिस को कई अहम जानकारियां मिलीं, जिनमें 1 करोड़ रुपये का लेन-देन और भविष्य की पूरी योजना भी शामिल है।
जांच में सामने आई पूरी साजिश
जांच अधिकारियों के अनुसार, यह मामला सिर्फ प्रेम प्रसंग का नहीं, बल्कि पहले से बनाई गई एक साजिश का हिस्सा था। हालांकि पुलिस अभी भी मामले के हर पहलू की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस साजिश में कोई और व्यक्ति शामिल था या नहीं।
पुलिस की जांच जारी
फिलहाल पुलिस इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड से जुड़े सभी आर्थिक लेन-देन, मोबाइल डेटा, बैंक रिकॉर्ड और डिजिटल सबूतों की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच के दौरान नए तथ्य सामने आते हैं तो आरोपियों के खिलाफ और भी गंभीर धाराएं जोड़ी जा सकती हैं।











