Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

Peoples Update Special :टोल के अलग-अलग नियम; किसी रोड पर 24 घंटे के अंदर आने-जाने का एक रेट, कहीं 50% तक छूट

MPRDC की सड़कों पर मनमानी की जा रही है। NHAI के सभी टोलों पर 24 घंटे में लौटने पर 50 प्रतिशत की राहत मिलती है, लेकिन MPRDC के टोल नाकों पर ऐसी सुविधा नहीं है।
टोल के अलग-अलग नियम; किसी रोड पर 24 घंटे के अंदर आने-जाने का एक रेट, कहीं 50% तक छूट
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    अशोक गौतम, भोपाल

    राजधानी भोपाल के मन्नीपुरम निवासी प्रशांत जैन का कारोबार इंदौर से जुड़ा है। इसी सिलसिले में वे हाल ही में इंदौर गए। जाते समय MPRDC के देवास बायपास टोल नाके पर उनके फास्ट टैग से 15 रुपए कट गए, लेकिन जब वे 24 घंटे के भीतर वापस लौटे तो इसी देवास बायपास टोल पर 10 रुपए लगे। दरअसल MPRDC की सड़कों पर 24 घंटे के अंदर कहीं भी आने-जाने पर एक जैसे रेट हैं, तो कहीं वापसी पर पचास फीसदी तक छूट का प्रावधान है।

    NHAI के टोल पर 50% छूट

    NHAI की सड़कों की बात करें तो अगर आप इस टोल से 24 घंटे के अंदर आना-जाना करते हैं तो एक बार में उन्हें 50 फीसदी तक की छूट मिलती है। दो अलग-अलग नियम होने से वाहन चालकों और टोल कर्मियों के बीच नोंकझोंक की स्थिति बनती है।

    भोपाल-देवास रोड पर हैं चार टोल बैरियर

    प्रदेश की सबसे ज्यादा ट्रैफिक के दबाव वाली भोपाल-देवास रोड पर चार टोल नाके हैं। भोपाल से जाने पर पहला टोल फंदा, दूसरा अमलाहा, तीसरा बौरासा और चौथा देवास बायपास है। पहले के तीनों टोलों पर 24 घंटे के अंदर आने-जाने पर एक जैसा टोल लगता है, लेकिन देवास बायपास पर अगर आप कार से गए हैं तो 15 रुपए लगेंगे, लौटने पर 10 रुपए काटेंगे।

    अनुबंध की शर्तों में खामियां

    इसकी मुख्य वजह यह है कि भोपाल - देवास रोड का निर्माण भोपाल-देवास कॉरिडोर कंपनी ने किया है, लेकिन देवास बायपास अभी बनाया गया है, इसका निर्माण आईजीएम कंपनी ने किया है। टेंडर की शर्तों में 24 घंटे के अंदर जाने पर अगर किसी टोल में 100 रुपए काटा जाता है तो लौटने पर उस वाहन से 50 रुपए टोल काटा जाता है। वैसे तो इस रोड में टोल साढ़े 7 रुपए कटना चाहिए, लेकिन राउंड फिगर में कंपनी 10 रुपए टोल काटती है।

    एक जैसे टोल नियम होने चाहिए

    बैरागढ़ निवासी आनंद ममतानी कहते हैं कि प्रदेश में एक जैसे टोल वसूली नियम होने चाहिए, चाहे वह नेशनल हाईवे की सड़कें हों, या फिर स्टेट हाईवे या MPRDC की। NHAI की सड़कों में आने पर पूरा, लेकिन 24 घंटे के अंदर लौटने पर आधा टोल वसूला जाता है। इसकी तरह की व्यवस्था एमपीआरडीसी की सड़कों में भी होना चाहिए।

    जिम्मेदार यह बोले

    हमारे यहां टोल ट्रिप आधारित टोल वसूली के लिए अनुबंध है। अनुबंध के आधार पर टोल वसूला जाता है। 24 घंटे के अंदर भी आने जाने पर एक जैसा टोल वसूला जाता है। देवास बायपास में टोल दूसरी कंपनी वसूल करती है।

    अजय मिश्रा, प्रबंधक भोपाल-देवास कॉरिडोर

     

    टोल वसूली सड़क निर्माण लागत के आधार पर किया जाता है। नेशनल हाईवे की अपेक्षा हमारे यहां टोल राशि बहुत कम है। हमारे यहां आने-जाने के लिए एक जैसे टोल वसूली का प्रावधान है। देवास बायपास टोल वसूली अनुबंध के आधार पर किया जा रहा है। अगर कहीं दिक्कत है तो इसे दिखवा लेते हैं। 

    भरत यादव, एमडी, MPRDC

    Naresh Bhagoria
    By Naresh Bhagoria

    नरेश भगोरिया। 27 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्ववि...

    Latest Posts