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Kuno National Park : चीतों को पानी पिलाने वाले ड्राइवर हटाने के बाद वापस नौकरी पर रखा, विभागीय जांच जारी

Kuno National Park : चीतों को पानी पिलाने वाले ड्राइवर हटाने के बाद वापस नौकरी पर रखा, विभागीय जांच जारी
श्योपुर। मध्य प्रदेश के चंबल संभाग के श्योपुर जिला स्थित कूनो नेशनल पार्क में चीतों को पानी पिलाने के कारण चर्चा में आए ड्राइवर सत्यनारायण गुर्जर को वन विभाग ने पुनः नौकरी पर बहाल कर दिया है। वीडियो वायरल होने के बाद उन्हें हटाया गया था, लेकिन अब उन्हें वापस बुला लिया गया है।​ जबकि मामले में विभागीय जांच अभी भी चल रही है।

वायरल वीडियो से मचा था वन विभाग में हड़कंप

पिछले शनिवार को जंगल में चीता ज्वाला और उसके शावकों को नजदीक से पानी पिलाते हुए सत्यनारायण का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। वन विभाग ने इस घटना को प्रोटोकॉल का उल्लंघन मानते हुए तत्काल कार्रवाई की और सत्यनारायण को ड्यूटी से हटा दिया।

सत्यनारायण ने दी सफाई

मीडिया से बातचीत में सत्यनारायण गुर्जर ने स्पष्ट किया कि उनकी निजी गाड़ी चीता ट्रैकिंग टीम के लिए अनुबंध पर थी। उस दिन वे टीम के साथ थे और जब उन्होंने देखा कि चीते प्यासे हैं, तो मानवता और पशु प्रेम के चलते उन्हें पानी पिला दिया। उन्होंने कहा कि यह कोई दिखावा नहीं था, बल्कि स्वाभाविक मानवीय कर्तव्य था। घटना के तुरंत बाद किसी ने वीडियो बना लिया, जो वायरल हो गया। मुझे हटा दिया गया था, लेकिन अब फिर से बुला लिया गया है। इसके लिए प्रशासन का आभारी हूं।

लाोगों का समर्थन बना ताकत

वीडियो वायरल होने के बाद गुर्जर समाज एवं कई सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने सत्यनारायण के समर्थन में आवाज उठाई। सोशल मीडिया पर अभियान चलने के बाद मामला चर्चा में आया और पार्क प्रबंधन पर पुनर्विचार का दबाव बढ़ा। अंततः एक दिन पूर्व उन्हें पुनः सेवा में ले लिया गया।

गुर्जर समाज ने किया सम्मान

रविवार को सत्यनारायण गुर्जर अपने गांव ढेंगदा (श्योपुर) स्थित गुर्जर समाज के आराध्य भगवान देव नारायण मंदिर पहुंचे। यहां समाज के लोगों ने उन्हें पुष्पहार पहनाकर और मिठाई खिलाकर उनका सम्मान किया। समाज ने उनके साहसिक एवं संवेदनशील कार्य की सराहना की।

वन विभाग की जांच अभी जारी

कूनो नेशनल पार्क के वन मंडलाधिकारी ने कहा है कि वायरल वीडियो को लेकर विभागीय जांच अभी भी जारी है। जांच का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जंगल में वन्यजीवों के साथ किस प्रकार का संपर्क नियमों के अनुरूप है। वन विभाग ने स्पष्ट किया कि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं के नियंत्रण के लिए नियमों के पालन की सख्त निगरानी की जाएगी।
Mithilesh Yadav
By Mithilesh Yadav

वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...Read More

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