इंदौर के चंदन नगर थाना क्षेत्र में एक कारखाने के भीतर लापरवाही का खौफनाक मंजर सामने आया, जहां शादी समारोह के दौरान ओवरलोड लिफ्ट अचानक टूट गई। इस हादसे में 12 लोग घायल हो गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। कई के हाथ-पैर में फ्रैक्चर बताया जा रहा है।
कारखाने में ही ठहराया
घटना राजकुमार बांक इलाके में स्थित बबलू उर्फ मोहम्मद शरीफ (पुत्र मोहम्मद जमील) के चूल्हा-भट्टी कारखाने की है। यहां उसके भाई मोहम्मद खलील की बेटी आयशा की शादी का कार्यक्रम चल रहा था। छुट्टी के चलते मेहमानों और दुल्हन को कारखाने में ही ठहराया गया था।
दुल्हन दूसरी मंजिल पर रुकी थी
बताया जा रहा है कि दुल्हन दूसरी मंजिल पर रुकी हुई थी। उससे मिलने के लिए कई महिलाएं ऊपर गई थीं। वापस लौटते समय करीब 12 लोग एक साथ लिफ्ट में सवार हो गए। ओवरलोड होने के कारण लिफ्ट अचानक टूटकर दूसरी मंजिल से नीचे जा गिरी।हादसा इतना भयावह था कि मौके पर अफरा-तफरी मच गई। चीख-पुकार के बीच घायल महिलाएं और बच्चे लिफ्ट में ही फंसे रहे। काफी मशक्कत के बाद उन्हें बाहर निकाला गया और दशहरा मैदान के पास स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। बाद में कुछ घायलों को जवाहर मार्ग के अस्पताल रेफर किया गया।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। एएसआई रमेश सोलंकी ने बताया कि घायलों में आशमा बी (पत्नी मोहम्मद शरीफ), आशम (पत्नी इशरार अहमद, निवासी नूरानी नगर), शहनाज बी, नजमा बी, 12 वर्षीय मंतेश, अर्शील, जैनब, अफसाना, निखत, फातिमा, नरगिस और अमीरा शामिल हैं।
कारखाना संचालक की घोर लापरवाही
टीआई तिलक करोले के अनुसार, प्रारंभिक जांच में कारखाना संचालक की घोर लापरवाही सामने आई है। जिस लिफ्ट का उपयोग केवल सामान (गैस भट्टी से जुड़ा माल) ढोने के लिए किया जाता था, उसी का इस्तेमाल लोगों को ले जाने में किया गया। इतना ही नहीं, कारखाने में शादी जैसा कार्यक्रम आयोजित कर सुरक्षा नियमों की खुली अनदेखी की गई।
अस्पताल में भर्ती
घायल फिलहाल बयान देने की स्थिति में नहीं हैं। अस्पताल में भर्ती कराते समय परिजनों ने सच्चाई छिपाने की कोशिश की और सभी को पारिवारिक सदस्य बताया। हालांकि, अस्पताल स्टाफ को संदेह हुआ और उन्होंने इसे पुलिस केस मानते हुए चंदन नगर थाने को सूचना दे दी।