इंदौर के निपानिया स्थित शिव वाटिका की सागर समृद्धि बिल्डिंग में महिला इंजीनियर शंपा पाठक पांडे की मौत के मामले में पुलिस ने बड़ा एक्शन लेते हुए पिता-पुत्र को गिरफ्तार कर दो दिन के रिमांड पर लिया है। लसूड़िया पुलिस ने दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें पुलिस हिरासत में भेज दिया गया। अब रविवार को उन्हें दोबारा न्यायालय में पेश किया जाएगा।
युवक वारदात के समय बेखौफ
पुलिस हिरासत में मुख्य आरोपी मोहनीश उर्फ मोहित का रवैया पूरी तरह बदलता नजर आ रहा है। सूत्रों के मुताबिक, जो युवक वारदात के समय बेखौफ था, वही अब लॉकअप में पछतावे के आंसू बहा रहा है। वह बार-बार पुलिस के सामने गिड़गिड़ाकर अपनी गलती मान रहा है। थाना प्रभारी तारेश सोनी के अनुसार, रिमांड के दौरान आरोपियों से गहन पूछताछ की जाएगी और चश्मदीदों के जरिए उनकी पहचान भी करवाई जाएगी।
सोशल मीडिया पर ‘जाट एक्स’ नाम से आईडी
जांच में आरोपी का खतरनाक और लापरवाह रवैया भी सामने आया है। बताया जा रहा है कि मोहनीश बिना लाइसेंस के तेज रफ्तार में गाड़ियां चलाने का आदी था। वह सोशल मीडिया पर ‘जाट एक्स’ नाम से आईडी चलाता था और वहां खतरनाक ड्राइविंग व धमकी भरे वीडियो पोस्ट करता था। हैरानी की बात यह है कि लाइसेंस न होने के बावजूद वह बेखौफ होकर सड़कों पर गाड़ियां दौड़ाता रहा।
प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज
पुलिस इस पूरे मामले में मजबूत केस तैयार करने में जुटी है। बिल्डिंग के चौकीदार की पत्नी रेणुका समेत कई प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं, जबकि मृतका के पति सौरभ और परिवार के अन्य लोगों के बयान अभी लिए जाना बाकी हैं। पुलिस का साफ कहना है कि ऐसे साक्ष्य जुटाए जाएंगे, जिससे आरोपियों को किसी भी तरह की कानूनी राहत न मिल सके।
दोस्तों को फोन कर बुलाने की कोशिश
घटना के दौरान एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। विवाद बढ़ने पर आरोपी ने अपने दोस्तों को भी फोन कर मौके पर बुलाने की कोशिश की थी, ताकि वह उनके साथ मिलकर दबाव बना सके। हालांकि, कोई भी दोस्त मौके पर नहीं पहुंचा।