भोपाल में कांग्रेस की सियासत को लेकर बड़ा बयान सामने आया है। पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने खुद को राज्यसभा की दौड़ से अलग बताते हुए साफ कर दिया कि पार्टी किसी और नेता को मौका देगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष का पद इतनी बड़ी जिम्मेदारी वाला है कि इसके साथ राज्यसभा जाना संभव नहीं है।
मीडिया से बातचीत में जीतू पटवारी ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष का पद 24 घंटे काम करने वाला है और इस जिम्मेदारी के साथ कोई दूसरा पद लेना सही नहीं होगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि उनके अलावा कोई भी नेता राज्यसभा जाएगा और पार्टी जो फैसला करेगी, वही अंतिम होगा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अचानक बिजली चली गई, जिस पर पटवारी ने तंज कसते हुए कहा कि बीजेपी 24 घंटे बिजली देने का दावा करती है लेकिन हकीकत सामने है। पटवारी ने कहा कि एक तरफ लोगों को कम पैसे दिए जा रहे हैं और दूसरी तरफ बिजली के भारी बिल वसूले जा रहे हैं।
जब पत्रकारों ने दिग्विजय सिंह के नाम को लेकर सवाल किया तो पटवारी ने कहा कि वे भी उम्मीदवार हो सकते हैं, लेकिन यह पूरी तरह पार्टी का फैसला होगा। उन्होंने संकेत दिया कि नामों पर मंथन जारी है और अंतिम निर्णय हाईकमान लेगा।
इस मौके पर पटवारी ने मालवा क्षेत्र के कथावाचक मोहित नागर को कांग्रेस की सदस्यता भी दिलाई। इसके बाद उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश सरकार पर जमकर निशाना साधा।
पटवारी ने कहा कि प्रदेश में महंगाई ने हर घर का बजट बिगाड़ दिया है। उन्होंने ‘लाड़ली बहना योजना’ को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए और कहा कि तीन हजार रुपए देने का वादा किया गया था, लेकिन सिर्फ 1500 रुपए दिए जा रहे हैं। पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश में बेरोजगारी बढ़ रही है और युवाओं को सिर्फ सपने दिखाए जा रहे हैं।
पटवारी ने कहा कि स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता गिर चुकी है और शिक्षकों की भारी कमी है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार लगातार कर्ज ले रही है, जिससे प्रदेश पर बोझ बढ़ता जा रहा है और युवाओं के भविष्य पर असर पड़ रहा है।