भोपाल। राजधानी में शुक्रवार से IAS सर्विस मीट की शुरुआत हुई है। IAS अधिकारियों की यह मीटिंग 3 दिन तक चलेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज आर.सी.वी.पी नरोन्हा प्रशासन अकादमी, भोपाल में इसका शुभारंभ किया। वे कार्यक्रम में देरी से पहुंचे इसके लिए उन्होंने क्षमा भी मांगी। 3 दिवसीय मीट में राज्य के अलग-अलग जिलों से IAS अधिकारी इसमें हिस्सा लेंगे। मीट का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि आप लोग तो चेहरे देख कर समझ जाते हों कि क्या कहने वाले है? इसे कैसे चलाना है। इसके बाद आपके मुंह से ए प्लान, बी प्लान, सी प्लान, डी प्लान सुनाई देते रहते हैं और ये योजनाएं आती रहनी चाहिए।
इस प्रोग्राम में आईएएस अफसर के साथ ही सयाहक अधिकारी और मुख्य सचिव भी शामिल होंगे। साथ ही अधिकारियों के परिवार भी मौजूद रहेंगे। इस कार्यक्रम के दौरान आईएएस अधिकारी अपनी ड्यूटी और जिम्मेदारियों से हटकर अपनी कला और प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। बता दें इसके लिए अरेरा क्लब में दिन और रात में कई सांस्कृतिक और मनोरंजन इवेंट आयोजित किए जाएंगे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहा कि लोगों के पक्ष में लिए गए फैसलों का आकलन आईएएस अधिकारी ही करते हैं। अफसरों की कड़ी मेहनत और दांव लगाकर काम करन की अपार क्षमता है। इन्हीं की वजह से प्रदेश के कई फैसले जमीनी स्तर पर बेहतर तरीके से उतर गए हैं।
सीएम ने आगे कहा कि राजशाही के दौर के बाद आजादी के दौरान यह डर था कि लोकतंत्र सफल होगा या नहीं। लेकिन, IAS अधिकारियों ने इसे सफल बनाने में योगदान दिया है। अधिकारियों के लिए आगे मोहन यादव ने कहा कि न केवल मध्य प्रदेश में बल्कि देशभर में अपने साहसिक कामों के दम पर अपनी अलग पहचान बनाई है। साथ ही शासन-प्रशासन में भी लगातार नवाचार हो रहे हैं। डॉ. यादव का कहना है कि प्रशासनिक स्तर पर अक्सर ए, बी, सी और डी जैसी विभिन्न योजनाओं की चर्चा होती रहती है और ऐसी रणनीतियां लगातार बनती रहनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आप सभी सौभाग्यशाली हैं, क्योंकि अपनी सेवाओं के माध्यम से आप अत्यंत महत्वपूर्ण और व्यापक प्रभाव वाले कार्य कर रहे हैं।
उन्होंने आगे कहा कि लगातार चुनौतियों का सामना करते हुए आप स्वयं को इतना सक्षम बना लेते हैं कि राजनीतिक नेतृत्व में होने वाले बदलावों का आपके कार्य और कर्तव्यों पर कोई असर नहीं पड़ता।