पटना। बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। नीतीश कुमार के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफे के बाद अब सम्राट चौधरी ने राज्य की कमान संभाल ली है। इस बदलाव के साथ ही NDA सरकार के गठन और मंत्री पदों के बंटवारे की तस्वीर भी लगभग साफ हो गई है, जिससे नई सरकार की संरचना सामने आ गई है।
सूत्रों के अनुसार, नई सरकार में अलग-अलग दलों के बीच मंत्री पदों का संतुलन बनाया गया है। बीजेपी को मुख्यमंत्री समेत 15 मंत्री पद मिलेंगे, जबकि जेडीयू के हिस्से में 17 पद आए हैं, जिनमें दो डिप्टी सीएम भी शामिल हैं। इसके अलावा एलजेपी (आर) को 2, हम को 1 और आरएलएम को 1 मंत्री पद मिलने की जानकारी सामने आई है। इस बंटवारे को गठबंधन के भीतर संतुलन साधने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
नई सरकार का पूर्ण स्वरूप 1 मई को सामने आ सकता है, जब मंत्रिमंडल विस्तार होने की संभावना जताई जा रही है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सम्राट चौधरी के सामने सबसे बड़ी चुनौती NDA के सहयोगी दलों के बीच तालमेल बनाए रखना होगा, खासकर तब जब नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद जेडीयू के भीतर असंतोष की चर्चाएं भी सामने आई थीं।
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शपथ ग्रहण के बाद सीएम सम्राट चौधरी ने “मोदी-नीतीश मॉडल” पर काम करने की बात कही है। वहीं डिप्टी सीएम के तौर पर विजय कुमार चौधरी और विजेंद्र कुमार यादव ने शपथ ली है। इस बीच निशांत कुमार को लेकर चल रही चर्चाओं पर भी विराम लग गया, क्योंकि उन्होंने खुद डिप्टी सीएम बनने से इनकार कर दिया। हालांकि, माना जा रहा है कि उन्हें पार्टी संगठन में अहम जिम्मेदारी मिल सकती है, जिससे जेडीयू के भीतर नए नेतृत्व को आगे बढ़ाने की रणनीति भी साफ होती है।
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