पटना। बिहार विधानसभा चुनाव में पहले चरण के मतदान हो चुके हैं। जहां कई पार्टियों ने चुनाव से पहले जमकर प्रचार-प्रसार किया। दूसरे चरण के चुनाव से पहले राज्य में हड़कंप मच गया है। समस्तीपुर के सरायरंजन में केएसआर कॉलेज के पास सड़क पर VVPAT पर्चियां बिखरी मिलीं, जिसे लेकर आरजेडी ने निर्वाचन आयोग को सवालों के घेरे में लिया है। मामले को संज्ञान में लेते हुए निर्वाचन आयोग ने तत्काल एक्शन लिया और 2 कर्मचारियों को हटाया गया है।
पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच की। मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित सहायक रिटर्निंग ऑफिसर (ARO) को लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर उनके खिलाफ FIR के आदेश दिए हैं। इससे पहले बिहार विधानसभा चुनाव में 6 नवंबर को पहले चरण का मतदान हुआ था। सरायरंजन विधानसभा क्षेत्र में भी पहले चरण में वोट डाले गए। वोटिंग से पहले हर बूथ पर मॉक पोल होता है, ताकि EVM और VVPAT ठीक से काम कर रहे हैं इसकी जांच हो सके।
आरजेडी ने इस घटना की जानकारी लगते ही तुरंत X पर पोस्ट कर लिखा, 'समस्तीपुर के सरायरंजन विधानसभा क्षेत्र के KSR कॉलेज के पास सड़क पर भारी संख्या में EVM से निकलने वाली VVPAT पर्चियां फेंकी हुई मिली। कब, कैसे, क्यों किसके इशारे पर इन पर्चियों को फेंका गया? क्या चोर आयोग इसका जवाब देगा? क्या यह सब बाहर से आकर बिहार में डेरा डाले लोकतंत्र के निर्देश पर हो रहा है?'