
उमरिया। जिले के ताला-पनपथा राज्य मार्ग (एसएच-10) पर रविवार को उस समय चीख-पुकार मच गई, जब बीच सड़क पर एक हाइवा खराब होने के कारण करीब 8 घंटे लंबा भीषण जाम लग गया। सुबह 8.30 बजे से शुरू हुआ यह जाम शाम 4.30 बजे के बाद ही खुल सका। इस दौरान मार्ग के दोनों ओर 100 से अधिक वाहनों की कतारें लग गईं और सैकड़ों यात्री जंगल के बीच भीषण गर्मी और प्यास से बेहाल होते रहे।
घटना पतौर गांव के आगे की है, जहां सड़क सिंगल लेन है। सड़क के किनारे की पटरी (शोल्डर) अधूरी होने के कारण भारी वाहनों को निकलने की जगह नहीं मिली। खराब हाइवा के बीच सड़क पर खड़े होते ही यातायात पूरी तरह ठप हो गया। वैकल्पिक मार्ग या समय पर हाइवा को हटाने की व्यवस्था न होने से स्थिति बेकाबू हो गई।
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जाम में फंसे बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग भीषण गर्मी के कारण पानी के लिए तरस गए। पारा 42 डिग्री सेल्सियस होने के कारण लोग वाहनों के भीतर बैठने की स्थिति में नहीं थे। राहत पाने के लिए कई मुसाफिर सड़क किनारे लगे घने जंगल की ओर जाने को मजबूर हुए। यह क्षेत्र वन क्षेत्र से लगा होने के कारण जंगली जानवरों का खतरा बना हुआ था, लेकिन बेबसी में लोग जोखिम उठाने को विवश दिखे।
सैकड़ों लोगों की जान जोखिम में होने के बावजूद मौके पर काफी समय तक न तो पुलिस और न ही वन विभाग का कोई अमला सक्रिय नजर आया। प्रशासनिक देरी को लेकर यात्रियों में भारी आक्रोश देखा गया। शाम 4.30 बजे के बाद जब हाइवा को हटाया गया, तब जाकर आवाजाही शुरू हो सकी।
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सुबह 8.30 बजे से जाम की सूचना थी। शाम करीब 4.30 बजे सड़क पर खराब हुए हाइवा को हटवाकर पनपथा-ताला मार्ग को पुन: सुचारू करा दिया गया है। अब वाहनों की आवाजाही सामान्य है।
विजय पाटले, चौकी प्रभारी, इंदवार