Samrat Choudhary Oath Ceremony :बिहार में नीतीश के बाद अब सम्राट का दौर, 3 चेहरों से शुरू होगी सरकार; आज बनेगा नया इतिहास

बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। करीब दो दशकों बाद सत्ता का समीकरण बदला और अब राज्य की कमान भारतीय जनता पार्टी के नेता सम्राट चौधरी के हाथों में आ गई है। उन्हें भाजपा विधायक दल की बैठक में सर्वसम्मति से नेता चुना गया, जिसके बाद उन्होंने सरकार बनाने का दावा पेश किया। आज वे बिहार के 24वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे।
संक्षिप्त रहेगा शपथ ग्रहण समारोह
पटना के लोकभवन में होने वाला शपथ ग्रहण समारोह सादा और सीमित रखा गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के साथ केवल दो नेता ही शपथ लेंगे। जेडीयू कोटे से विजय कुमार चौधरी और बिजेंद्र प्रसाद यादव उपमुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। राज्यपाल सैयद अता हसनैन उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे।
जेडीयू को मिला संतुलन का जिम्मा
नई सरकार में संतुलन बनाए रखने के लिए जेडीयू के दो वरिष्ठ नेताओं को उपमुख्यमंत्री बनाया गया है।
दोनों नेता पहले भी महत्वपूर्ण विभाग संभाल चुके हैं-
- बिजेंद्र प्रसाद यादव (ऊर्जा विभाग)
- विजय कुमार चौधरी (जल संसाधन विभाग)
अब दोनों नई भूमिका में सरकार को मजबूत करने की जिम्मेदारी निभाएंगे।
फिलहाल सहयोगी दलों को इंतजार
इस बार शपथ ग्रहण में एनडीए के सभी सहयोगी दलों को शामिल नहीं किया गया है।
- चिराग पासवान की लोजपा (रामविलास)
- जीतनराम मांझी की ‘हम’
- उपेंद्र कुशवाहा की रालोमो
इन दलों को कैबिनेट विस्तार के दौरान मौका मिलने की उम्मीद है।
मई में होगा मंत्रिमंडल विस्तार
सूत्रों के मुताबिक, सरकार का पूरा मंत्रिमंडल मई के पहले सप्ताह में विस्तार किया जाएगा। तब तक मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी विधानसभा में बहुमत साबित करेंगे और भाजपा-जेडीयू के बीच विभागों का बंटवारा भी तय हो जाएगा।
लोकभवन में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था
शपथ ग्रहण को लेकर पटना के लोकभवन में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। कार्यक्रम सुबह 10:50 बजे होगा। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और आम लोगों की आवाजाही सीमित कर दी गई है। केवल अधिकृत लोगों और मीडिया को ही प्रवेश दिया जा रहा है।
राजनीतिक परिवार से आते हैं सम्राट चौधरी
सम्राट चौधरी का राजनीति से पुराना रिश्ता रहा है। उनके पिता शकुनी चौधरी बिहार के बड़े राजनीतिक चेहरों में गिने जाते थे। उनके मुख्यमंत्री बनने से उनके पैतृक गांव में खुशी का माहौल है और समर्थक जश्न मना रहे हैं।
कितनी है संपत्ति?
चुनाव के दौरान दाखिल हलफनामे के अनुसार, सम्राट चौधरी के परिवार की कुल संपत्ति 11.36 करोड़ रुपये से अधिक है। पिछले पांच वर्षों में उनकी संपत्ति में हर साल औसतन 50 लाख रुपये की बढ़ोतरी हुई है।
भाजपा के पहले मुख्यमंत्री
नीतीश कुमार के पद छोड़ने के बाद भाजपा ने राज्य की कमान अपने हाथों में ली है। सम्राट चौधरी बिहार में भाजपा के पहले मुख्यमंत्री बने हैं, जो राज्य की राजनीति में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।
आगे की चुनौती क्या?
नई सरकार के सामने कई अहम चुनौतियां होंगी-
- गठबंधन में संतुलन बनाए रखना
- विभागों का सही बंटवारा
- विधानसभा में बहुमत साबित करना
- जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरना
बिहार में ‘सम्राट युग’ की शुरुआत के साथ राजनीति का नया अध्याय खुल गया है। अब सभी की नजर इस बात पर है कि नई सरकार अपने वादों और योजनाओं को जमीन पर कैसे उतारती है।











