सागर एयरपोर्ट पर सरकार का बड़ा अपडेट :ढाना हवाई पट्टी बड़े विमानों के लिए अनुपयुक्त, नए एयरपोर्ट के लिए जमीन तलाशने के निर्देश
बुंदेलखंड के प्रमुख संभागीय मुख्यालय सागर को हवाई सेवा से जोड़ने की मांग एक बार फिर विधानसभा के मानसून सत्र में जोर-शोर से उठी। खुरई विधायक भूपेंद्र सिंह, सागर विधायक शैलेंद्र जैन और नरयावली विधायक इंजीनियर प्रदीप लारिया ने अलग-अलग प्रश्नों के माध्यम से सरकार से सागर में एयरपोर्ट और नियमित घरेलू विमान सेवा शुरू करने को लेकर जवाब मांगा। सरकार ने अपने जवाब में स्पष्ट किया कि वर्तमान में ढाना हवाई पट्टी बड़े विमानों के संचालन के लिए उपयुक्त नहीं है। हालांकि, नए एयरपोर्ट के लिए उपयुक्त भूमि की तलाश शुरू कर दी गई है, जिससे भविष्य में सागर को हवाई नेटवर्क से जोड़ने की उम्मीद बनी हुई है।
ढाना हवाई पट्टी पर बड़े विमानों का संचालन संभव नहीं
नरयावली विधायक इंजीनियर प्रदीप लारिया के प्रश्न के उत्तर में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि सागर की ढाना हवाई पट्टी वर्तमान मानकों के अनुसार बड़े विमानों की लैंडिंग और टेकऑफ के लिए उपयुक्त नहीं है। इसी कारण यहां नियमित घरेलू विमान सेवा शुरू करने का निर्णय फिलहाल संभव नहीं है। सरकार ने यह भी स्वीकार किया कि जनप्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों की ओर से लंबे समय से ढाना हवाई पट्टी से घरेलू उड़ानें शुरू करने की मांग की जा रही है, लेकिन मौजूदा अधोसंरचना आवश्यक तकनीकी मानकों को पूरा नहीं करती।
नई विमानन नीति से सागर को मिली उम्मीद
सागर विधायक शैलेंद्र जैन के सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने मध्यप्रदेश नागरिक विमानन नीति-2025 लागू की है। इस नीति के तहत प्रदेश में विमानन सुविधाओं के विस्तार का रोडमैप तैयार किया गया है। सरकार का लक्ष्य प्रत्येक 75 किलोमीटर की दूरी पर हवाई पट्टियों का विकास करना है। सरकार के अनुसार, आदर्श हवाई पट्टियों के विकास के लिए निर्धारित मानकों के आधार पर प्रस्ताव भी आमंत्रित किए गए हैं। इससे भविष्य में सागर को विमानन नेटवर्क से जोड़ने की संभावनाएं मजबूत होती दिखाई दे रही हैं।
नए एयरपोर्ट के लिए जमीन तलाशने की प्रक्रिया शुरू
खुरई विधायक भूपेंद्र सिंह के प्रश्न के उत्तर में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि सागर संभागीय मुख्यालय के आसपास नए विमानतल की संभावना को देखते हुए उपयुक्त भूमि चिन्हित करने के लिए जिला कलेक्टर को पत्र भेजा गया है। सरकार के इस जवाब से साफ है कि केवल ढाना हवाई पट्टी के विस्तार पर ही नहीं, बल्कि नए एयरपोर्ट के निर्माण के विकल्प पर भी गंभीरता से विचार किया जा रहा है। हालांकि अभी तक किसी स्थान का अंतिम चयन नहीं हुआ है और न ही केंद्र सरकार को किसी स्वीकृत परियोजना का प्रस्ताव भेजा गया है।
UDAN योजना पर सरकार का जवाब
सागर विधायक शैलेंद्र जैन ने सागर को केंद्र सरकार की क्षेत्रीय संपर्क योजना (UDAN) से जोड़ने के प्रयासों को लेकर भी सवाल पूछा। इसके जवाब में सरकार ने कहा कि यह भारत सरकार की योजना है और इसकी जानकारी राज्य के विमानन विभाग द्वारा संधारित नहीं की जाती। सरकार के इस उत्तर के बाद यह सवाल भी उठा कि जब प्रदेश के कई छोटे शहर UDAN योजना से जुड़ चुके हैं, तो सागर को इस योजना में शामिल कराने के लिए अब तक कोई ठोस पहल क्यों नहीं हुई।
विधायकों ने बताया क्षेत्र की विकास जरूरत
तीनों विधायकों ने विधानसभा में कहा कि सागर संभाग औद्योगिक, शैक्षणिक, प्रशासनिक और पर्यटन गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र बन चुका है। इसके बावजूद यहां हवाई सुविधा उपलब्ध नहीं है। वर्तमान में लोगों को भोपाल, इंदौर, दिल्ली और अन्य बड़े शहरों की यात्रा के लिए सड़क और रेल मार्ग पर निर्भर रहना पड़ता है।
Edited By- Sona Rajput
















