Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

जम्मू-कश्मीर : तीन दिन से चल रहा 'ऑपरेशन अखल', कुलगाम के जंगलों में आतंकियों के खिलाफ सुरक्षाबलों की बड़ी कार्रवाई; अब तक 3 आतंकी ढेर

जम्मू-कश्मीर : तीन दिन से चल रहा 'ऑपरेशन अखल', कुलगाम के जंगलों में आतंकियों के खिलाफ सुरक्षाबलों की बड़ी कार्रवाई; अब तक 3 आतंकी ढेर
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    कुलगाम। जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले के अखल वन क्षेत्र में आतंकियों के खिलाफ सुरक्षाबलों का 'ऑपरेशन अखल' तीसरे दिन भी जारी है। 1 अगस्त की रात शुरू हुए इस तलाशी अभियान में अब तक 3 आतंकवादी मारे जा चुके हैं, जबकि एक जवान घायल हुआ है। भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस, स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम इस ऑपरेशन को अंजाम दे रही है। सेना के सूत्रों का कहना है कि यह साल 2025 का अब तक का सबसे बड़ा एनकाउंटर साबित हो सकता है।

    जंगल में छिपे आतंकियों की तलाश

    सुरक्षा एजेंसियों को इनपुट मिला था कि कुलगाम के अखल जंगल में कुछ आतंकी छिपे हैं। इसी सूचना पर 1 अगस्त को ऑपरेशन शुरू किया गया। शुरुआती घंटों में आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर फायरिंग की, जिसके जवाब में मुठभेड़ शुरू हुई। सर्च ऑपरेशन के दौरान जंगल की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए हाईटेक ड्रोन, थर्मल इमेजिंग और नाइट विजन जैसी तकनीकों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

    अब तक तीन आतंकी ढेर

    शनिवार को सुरक्षाबलों ने दो आतंकियों को मार गिराया, जिनमें से एक की पहचान पुलवामा निवासी हारिस नजीर डार के रूप में हुई है। हारिस 'सी-कैटेगरी' का आतंकवादी था और उसका नाम उन 14 स्थानीय आतंकियों की लिस्ट में शामिल था, जो 26 अप्रैल को पहलगाम हमले के बाद जारी की गई थी। हारिस के पास से AK-47 राइफल, ग्रेनेड और भारी मात्रा में गोला-बारूद बरामद हुआ है।

    रातभर चली गोलीबारी

    सेना की चिनार कोर ने अपने आधिकारिक एक्स (पूर्व ट्विटर) हैंडल पर बताया कि शनिवार रात भर रुक-रुक कर और तेज गोलीबारी चलती रही। जवानों ने सतर्क रहते हुए आतंकियों के ठिकानों को घेरकर कार्रवाई की। रविवार सुबह फिर से ऑपरेशन शुरू हुआ और इलाके की घेराबंदी और मजबूत कर दी गई।

    7 दिन में तीसरा बड़ा एनकाउंटर

    कुलगाम का 'ऑपरेशन अखल' पिछले एक सप्ताह में जम्मू-कश्मीर में तीसरी बड़ी मुठभेड़ है।

    • 28 जुलाई को ऑपरेशन महादेव के तहत पहलगाम के जंगलों में 3 पाकिस्तानी आतंकवादी- सुलेमान, अफगान और जिब्रान मारे गए थे।
    • 31 जुलाई को पुंछ जिले में एलओसी के पास दो आतंकी घुसपैठ के प्रयास में ढेर किए गए।
    • अब कुलगाम में 1 अगस्त से ऑपरेशन अखल जारी है।

    14 लोकल आतंकियों में से 7 ढेर

    खुफिया एजेंसियों ने अप्रैल में जिन 14 स्थानीय आतंकियों की लिस्ट जारी की थी, उनमें से 7 को अब तक मारा जा चुका है। हारिस नजीर डार को मिलाकर अब तक मारे गए आतंकियों में शोपियां और पुलवामा के नाम सबसे ज़्यादा हैं। शेष 7 आतंकियों की तलाश अब भी जारी है, जिनमें हिजबुल और लश्कर जैसे संगठनों के सदस्य शामिल हैं।

    मारे गए पहलगाम हमले के दोषी 

    केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में बताया कि पहलगाम हमले में शामिल 3 पाकिस्तानी आतंकियों को सुरक्षा बलों ने ऑपरेशन महादेव के तहत ढेर किया। उन्होंने कहा, तीनों की पहचान पाकिस्तानी वोटर ID और चॉकलेट से की गई थी। हमले की प्लानिंग के दिन से ट्रैकिंग की गई और 3 महीने में इन्हें घेरकर मार गिराया गया।

    डीजीपी और सेना कमांडर कर रहे ऑपरेशन की निगरानी

    जम्मू-कश्मीर के डीजीपी नलिन प्रभात और चिनार कोर के कमांडर ऑपरेशन अखल की लगातार निगरानी कर रहे हैं। सुरक्षाबलों का कहना है कि जंगल में अभी भी 1-2 आतंकी छिपे हो सकते हैं, जिनकी तलाश जारी है। सुरक्षा के मद्देनजर पूरे इलाके को सील कर दिया गया है और स्थानीय नागरिकों को दूर रहने की हिदायत दी गई है।

    ये भी पढ़ें: जम्मू-कश्मीर : कुलगाम में एक आतंकी ढेर, ऑपरेशन अब भी जारी; 6 दिनों में तीसरा एनकाउंटर

    Manisha Dhanwani
    By Manisha Dhanwani

    मनीषा धनवानी | जागरण लेकसिटी यूनिवर्सिटी से BJMC | 6 वर्षों के पत्रकारिता अनुभव में सब-एडिटर, एंकर, ...Read More

    Latest Posts