
आशीष शर्मा ग्वालियर। प्रदेश में पुराने वाहनों को लेकर स्क्रैप पॉलिसी सितंबर 2022 से लागू हो चुकी है। परिवहन विभाग ने सरकारी विभागों में 15 साल पुराने वाहनों को सड़क पर से हटाने के लिए कार्रवाई शुरू कर दी है। विभाग ने सामान्य प्रशासन विभाग के अंतर्गत आने वाले सभी शासकीय विभागों को 15 साल पुराने वाहनों का संचालन 1 अप्रैल से नहीं किए जाने की सूचना जारी कर दी है। इन विभागों में 4 से 5 हजार वाहन 15 साल पुराने हैं। निजी वाहनों का संचालन रोके जाने को लेकर अभी कोई निर्णय नहीं लिया है। वाहन मालिक को लगता है कि उनका वाहन समय से पहले ही कंडम हो गया है तो वह उसे स्क्रैप करा सकते हैं।
दो कंपनियों को मिली अनुमति
परिवहन विभाग ने मेसर्स महेंद्रा एमएसटीसी रिसाइकिलिंग प्रालि. को इंदौर और मेसर्स इम्पीरियल कन्स्ट्रक्शन को भोपाल में स्क्रैप सेंटर खोलने की अनुमति दी है। स्क्रैप सेंटरों पर वाहन स्क्रैप कराने पर वाहन मालिक को वाहन का कुछ मूल्य भी मिलेगा। साथ ही उसी श्रेणी का वाहन खरीदने पर टैक्स में 15 से 25 फीसदी की छूट मिलेगी।
प्रदेश में 15 साल पुराने वाहनों की स्थिति
दो पहिया – 1,22,23,142
चार पहिया – 13,85,087
माल वाहन – 3,18,484
सवारी वाहन – 4,47,558
अन्य वाहन – 10,28,427
इतने वाहन होने हैं स्क्रैप
मोटरसाइकिल – 2,08,054
स्कूटर – 76,188
कार – 88,529
मोपेड – 20,162
जीप – 21,607
ट्रैक्टर – 74,794
ऑटो रिक्शा- 46,999
गुड्स ट्रक – 72,502
सामान्य प्रशासन विभाग के अंतर्गत आने वाले विभागों को 15 साल पुराने वाहनों को लेकर सूचित कर दिया है कि 1 अप्रैल से ऐसे वाहनों का संचालन नहीं किया जाए। प्राइवेट वाहनों को लेकर इस प्रकार का आदेश अभी जारी नहीं किया है। एक अधिसूचना जरूर जारी की है, जिसके तहत वाहन किसी भी उम्र का स्क्रैप कराया जा सकता है। अगर वाहन कॅमर्शियल है और टैक्स बाकी है व जुर्माना लग रहा है तो एकमुश्त भुगतान करने पर 90 फीसदी की छूट मिलेगी। – अरविंद सक्सेना, अपर परिवहन आयुक्त