
भोपाल। वन मुख्यालय ने फरमान जारी किया है कि अनुविभागीय अधिकारी वन (एसडीओ) के प्रभार वाले रेंजर (वन परिक्षेत्राधिकारी) अवैध वन कटाई, अवैध खनन और वन्य प्राणियों के शिकार आदि में पकड़े गए वाहनों को राजसात नहीं कर सकेंगे। इसके चलते बीते डेढ़ साल में प्रदेश भर में वन अपराधों में शामिल वाहनों को राजसात करने की कार्रवाई अवैध हो गई है। दरअसल बीते दस साल से प्रदेश में सरकारी कर्मचारियों अधिकारियों के प्रमोशन पर सुप्रीम कोर्ट में लंबित मप्र सरकार की याचिका के कारण लगी रोक से उच्च पदों का प्रभार देकर काम चलाया जा रहा है।
वन विभाग में भी एसडीओ के खाली 125 पदों के मुकाबले 50 रेंजरों को एसडीओ के पद का प्रभार दिया गया। करीब डेढ़ साल से प्रभारी एसडीओ अपने-अपने जिलों में पद के अनुसार कार्य कर भी रहे थे कि अचानक प्रधान मुख्य संरक्षक (संरक्षण) दिलीप कुमार ने आदेश जारी किया है कि प्रभारी एसडीओ वाहनों को राजसात नहीं कर सकेंगे। इसका कारण बताया गया है कि प्रभार वाले एसडीओ प्राधिकृत अधिकारी नहीं है, जिससे राजसात करने की शक्तियां नहीं हैं।
प्रभार के आदेश में उल्लेख नहीं
सभी विभागों में पद की शक्तियां भी प्रभारी अधिकारी के पास होती हैं। वन विभाग में प्रभार के आदेश में शक्तियों या कार्य क्षेत्र स्पष्ट नहीं है। अब राजसात करने पर रोक लगाने के आदेश के बाद बीते डेढ़ साल में प्रभारी एसडीओ के द्वारा की गई कार्रवाईयां अवैध होकर सवालों के घेरे में आ गई हैं।
सीधी बात: (असीम श्रीवास्तव, प्रधान मुख्य वन संरक्षक)
- राजसात नहीं करने संबंधी आदेश की समस्या का समाधान क्या होगा? –संबंधित आदेश का परीक्षण करवाएंगे। संभवत: विभागीय लॉ परीक्षा पास नहीं करने वालों के लिए प्रतिबंधित किया गया है, क्योंकि यह अनिवार्य होती है।
- पुलिस सहित अन्य विभागों में प्रभार के साथ संपूर्ण शक्तियां भी होती हैं, फिर वन विभाग में ही रोक क्यों? –पदोन्नति या प्रभार के लिए विभागीय लॉ परीक्षा की अनिवार्यता डिप्टी रेंजर से रेंजर और एसडीओ के लिए है। हालांकि 45 वर्ष आयु पूरी करने वालों को इससे छूट रहती है। ऐसे में इसको भी परीक्षण में ध्यान में रखा जाएगा।
वन विधि में प्रावधान नहीं
वनविधि में प्रावधान नहीं होने से पत्र जारी किया है, ताकि व्यवस्था बनी रहे। ऐसे में केस पकड़ने वाले प्रभारी एसडीओ के बजाय अगल-बगल वाले जो प्राधिकृत अधिकारी हैं, वही राजसात करेंगे। -दिलीप कुमार, पीसीसीएफ (प्रोटेक्शन)