
मप्र में लगातार ईओडब्ल्यू की कार्रवाई जारी है। इसी क्रम में गुरुवार को ग्वालियर ईओडब्ल्यू की टीम ने भिंड में दबिश दी। यहां मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के जूनियर इंजीनियर को 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा है। जेई ने निजी अस्पताल के बिजली बिल संबंधी मामले में रिश्वत मांगी थी।
बिजली चोरी का प्रकरण बनाने की दी धमकी
जानकारी के मुताबिक, भिंड में स्थित कामाख्या मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल का मैनेजमेंट संभालने वाले आशुतोष शर्मा ने ग्वालियर ईओडब्ल्यू कार्यालय में एक शिकायती आवेदन दिया था। आवेदन में उन्होंने बिजली कंपनी के जूनियर इंजीनियर अरुण सैनी पर 50 हजार रुपए की रिश्वत मांगने की शिकायत की थी। आवेदक ने बताया कि अरुण सैनी ने उन्हें चेतावनी दी थी कि रिश्वत नहीं देने पर उनके खिलाफ ढाई लाख रुपए का बिजली चोरी का प्रकरण बना देंगे।
कार्यालय में रिश्वत लेते दबोचा
शिकायत के बाद ग्वालियर ईओडब्ल्यू पुलिस ने आवेदक के माध्यम से रिश्वत मांगे जाने की जांच की। साथ ही रिश्वत मांगने की बात का सबूत मिलने पर ईओडब्ल्यू ग्वालियर की टीम भिंड पहुंची। गुरुवार को आवेदक आशुतोष शर्मा ने जैसे ही जूनियर इंजीनियर अरुण सैनी को उनके कार्यालय में रिश्वत की राशि दी, वैसे ही ईओडब्ल्यू की टीम ने उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया।
ईओडब्ल्यू ने जूनियर इंजीनियर अरुण सैनी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं में मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
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— Peoples Samachar (@psamachar1) September 29, 2022