
हेमंत नागले, उज्जैन। बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन में सोमवार को रामघाट सहित सभी घाटों पर सोमवती अमावस्या के दिन श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या में भीड़ दिखाई दी। सुबह से ही सभी घाटों पर श्रद्धालु स्नान करते नजर आए। ऐसा कहा जाता है कि पितरों की शांति के लिए दान और पुण्य का यह विशेष दिन है। आज के दिन स्नान करके दान करने से पितरों को शांति मिलती है।
#उज्जैन : #सोमवती_अमावस्या के दिन बाबा #महाकाल की नगरी स्थित सभी घाटों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने #आस्था की डुबकी लगाई।#SomvatiAmavasya #PeoplesUpdate #Mahakal #MPNews pic.twitter.com/lrDYHxHqos
— Peoples Samachar (@psamachar1) February 20, 2023
पंडित जोशी बताते हैं कि कृष्ण पक्ष की सोमवती अमावस्या को मोक्षदायिनी क्षिप्रा में डुबकी लगाना और स्नान करना वरदान पूर्ण करने का बड़ा ही महत्व है। जहां उज्जैन के सभी घाटों पर सोमवार सुबह से ही भक्तों की भारी भीड़ दिखाई दी, वहीं सभी ने दान पूर्ण करके शिप्रा नदी में डुबकी भी लगाई।
जिला प्रशासन ने किए पुख्ता इंतजाम
इससे पहले दो दिन पूर्व शिवरात्रि के चलते उज्जैन में श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या में भीड़ जुटी। जिसके बाद आज रामघाट पर सुबह करीब 4 बजे पूरे घाट की साफ-सफाई कर जिला प्रशासन ने अपनी तैयारी पूरी कर ली थी। वहीं, नदी के आसपास 13 दल भी मौजूद दिखाई दिए, जो कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए जिला प्रशासन द्वारा लगाए गए थे।