
जबलपुर। बीती रात को क्राईम ब्रांच एवं थाना लार्डगंज थाने की पुलिस ने राईट टाउन में पिृत छाया अपार्टमेण्ट दूसरी मंजिल पर स्थित तरूण पवईया के यहां छापा मारा। अपार्टमेंट के कमरे में आईपीएल क्रिकेट मैच टीव्ही में देख रहे थे। तभी पुलिस ने वहां से सेमसंग का टीव्ही, इलेक्ट्रानिक उपकरण 4 एण्ड्रायड मोबाइल तथा 8 कीपेड मोबाइल 1 केलकुलेटर उनके पास से जप्त किया।
सटोरिये पल-पल की खबर मोबाइल पर दे रहें थे
पुलिस ने बताया कि मौके पर सटोरियों के पास लगातार फोन आ रहे थे, जिसमें बाकायदा भाव पूछा जा रहा था तथा बैठा हुआ व्यक्ति दिल्ली कैपिटल्स एंव गुजरात टाईटन्स के बीच खेले जा रहे आईपीएल क्रिकेट मैच में लगाई-खाईबाजी की रकम एक कापी में लिख रहा था।
ये है आरोपियों के नाम पते
पुलिस ने जब दबिश दी और उनसे उनके नाम और पता पूछा तो उसने अपना नाम देवेश विश्वकर्मा उम्र 41 वर्ष निवासी पुष्पक नगर मारूती चौक अधारताल बताया एवं तरूण पवईया के मकान में स्वयं द्वारा सट्टा संचालित करने का सामान लाना बताया।
नगदी और मोबाइल फोन भी मिले
सटोरियों के पास से एक काले रंग के बैग में अवैध लगवाड़ी सट्टे की रकम 1 लाख 3 हजार रुपए रखे हुए मिले। वहीं 1 सेमसंग कम्पनी का टीव्ही, टाटा स्काई का सेटअप बाक्स, कॉपी के 4 पेज जिसमें लगभग 1 करोड की लगाई-खाईबाजी का हिसाब किताब लिखा हुआ है और 4 एण्ड्रायड मोबाइल जिसमे वाईफाई नेटवर्क प्रदाय किया जा रहा था।

कुछ इस तरह से होता था सट्टा
आरोपी देवेश विश्वकर्मा ने पुलिस को पूछताछ के दौरान बताया कि दिलीप खत्री द्वारा स्टार ऐप के माध्यम से आईडी पासवर्ड उपल्बध कराना जिस पर की आईपीएल मैच की हारजीत पर लगवाड़ी रकम लगाई जाती है तथा बबला द्वारा भी इसी प्रकार सट्टे की लाईन चालू कर भाव मिलने पर उसके द्वारा सट्टा अन्य ग्राहकों के माध्यमों से लगवाड़ी रकम लगाई जाना बताया। क्रिकेट के सट्टे की रकम दिलीप खत्री एवं बबला गुप्ता को देना बताया।
इनकी थी उल्लेखनीय भूमिका
एस.पी. तुषारकांत विद्यार्थी द्वारा चल रहे आईपीएल क्रिकेट मैच के दौेरान पतासाजी कर सटोरियों की धरपकड के लिए निर्देश दिया गए। जिस पर कार्रवाही करते हुए सुश्री प्रियंका शुक्ला, समर वर्मा, प्रभात शुक्ला के मार्ग दर्शन में निरीक्षक दिनेश गौतम श्रीमती संध्या चंदेल,आरक्षक रूपेश, विजय तथा क्राईम ब्रांच के सहायक उप निरीक्षक अजय पाण्डे, प्रधान आरक्षक राकेश बहादुर, बृम्हप्रकाश, आरक्षक रंजीत यादव, सायबर सेल के प्रधान आरक्षक अमित पटैल, आरक्षक दुर्गेश दुबे, आरक्षक अभिषेक पाण्डे, आशीष गौर की सराहनीय भूमिका रही।